आजमगढ़। उत्तर प्रदेश किसान सभा के कार्यकर्ता भूमि अधिग्रहण बिल के खिलाफ में बुधवार को सड़क पर उतर पड़े। जनपद इकाई ने कलेक्ट्रेट स्थित रिक्शा स्टैंड से जुलूस निकाला । जुलूस की शक्ल में कार्यकर्ता एसडीएम सदर कार्यालय पहुंचे। जहां मुख्यमंत्री को संबोधित छह सूत्रीय मांग पत्र एसडीएम को सौंपा गया।
किसान सभा के प्रदेश अध्यक्ष कामरेड इंतियाज बेग ने कहा कि केंद्र और प्रदेश की सरकारें किसान विरोधी हैं। यह किसानों की जमीन को पूंजीपतियों के हवाले करने के लिए भूमि अधिग्रहण कानून में संशोधन करना चाहती हैं। किसानों को अपनी जमीन बचाने के लिए संघर्ष करना होगा। किसान सभा के जिलामंत्री रामअजारे यादव ने कहा कि गेहूं की फसल बर्बाद हुई, लेकिन आज तक किसानों को सहायता नहीं दी गई। इस वर्ष गेहूं क्रय केंद्र खुले ही नहीं। जिसके कारण गेहूं बेचने के इच्छुक किसानों को अपना गेहूं बिचौलियों के हाथ बेचना पड़ा। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के कामरेड खरपत्तू राजभर ने कहा कि हमारी पार्टी हमेशा किसानों और मजदूरों के लिए संघर्ष करती है। हम किसान सभा के कंधे से कंधा मिलाकर किसानों के लिए संघर्ष करेंगे। जुलूस में रामनेत यादव, गुलाब मौर्य, हीरालाल यादव, मखड़ू राजभर, रामचंद्र यादव, महेंद्र यादव, हरिश्चंद्र, सुदर्शन, रामसिंह, रामअवतार यादव, शैलेश यादव आदि मौजूद रहे।