आजमगढ़। बिजली चोरी पर लगाम लगाने, शत प्रतिशत राजस्व वसूली और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली देने के लिए बिजली निगम की तरफ से 275 फीडरों पर मैनेजर तैनात किए गए हैं। अगर फीडर स्तर पर इन कार्यों में कोई सुधार नहीं हुआ तो इनकी जवाबदेही तय होगी।
जिले में 80 उपकेंद्र हैं। इन उपकेंद्रों से 275 से अधिक फीडर निकले हैं, इनके माध्यम से उपभोक्ताओं को बिजली की आपूर्ति की जाती है। निगम की सख्ती के बाद भी 10 से 15 प्रतिशत उपभोक्ताओं को छोड़ दिया जाय तो अन्य उपभोक्ता नियमित बिलों का भुगतान नहीं कर रहे हैं।
इन पर बिजली बिलों का करोड़ों रुपये बकाया है। इसके अलावा बिजली चोरी के भी अधिक मामले आ रहे हैं। बिजली की चोरी उपयोग करने वालों पर निगम की तरफ से एफआईआर दर्ज कराई जा रही है। कई क्षेत्रों में फॉल्ट आदि की समस्या से उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली मिलने में समस्या आ रही है।
इन सब समस्या के समाधान और राजस्व बढ़ाने के लिए विभाग की तरफ से सभी फीडरों पर फीडर मैनेजर तैनात किए गए हैं। इनसे शत प्रतिशत बिलिंग, राजस्व वसूली व निर्बाध बिजली आपूर्ति कराने में मदद मिलेगी।