फर्जी मदरसा संचालित कर कूटरचित दस्तावेजों के सहारे सरकारी अनुदान की धनराशि का गबन करने के आरोप में रौनापार पुलिस ने सोमवार को मदरसा दर्सगाह अरबियां निस्वां, चांदपट्टी के प्रबंधक अंसार अहमद को उसके घर से गिरफ्तार किया।
राज्य विशेष अपराध अनुसंधान शाखा (ईओडब्ल्यू), मुख्यालय लखनऊ के निरीक्षक एवं जांच अधिकारी कुंवर ब्रह्म प्रकाश सिंह की ओर से मदरसा प्रबंधक के खिलाफ शिकायत दी गई थी।
आरोप है कि चांदपट्टी निवासी अंसार अहमद ने आपराधिक षड्यंत्र के तहत धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार किए और उन्हें असली के रूप में इस्तेमाल कर सरकारी धनराशि/अनुदान का गबन किया। शिकायत के आधार पर रौनापार थाने में सात फरवरी 2025 को प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
थाना प्रभारी सुनील कुमार दुबे ने बताया कि मामला मदरसा दर्सगाह अरबियां निस्वां, चांदपट्टी से संबंधित है। आरोप है कि फर्जी तरीके से तैयार दस्तावेजों को सरकारी अभिलेखों में वास्तविक बताकर शासकीय अनुदान हासिल किया गया और धनराशि का गबन किया गया।
जांच के बाद मामले में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर पुलिस ने वांछित मदरसा प्रबंधक को गिरफ्तार किया है। इसके खिलाफ रौनापार थाने में वर्ष 2025 में धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज से संबंधित प्राथमिकी दर्ज है। इसके अलावा वर्ष 2019 में उसके खिलाफ गोवध निवारण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत भी प्राथमिकी दर्ज हुई थी।