आजमगढ़। नाबालिग किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म के मुकदमे में सुनवाई पूरी करने के बाद अदालत ने दोषी को आठ वर्ष के सश्रम कारावास और सत्रह हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। यह फैसला पॉक्सो कोर्ट के जज संतोष कुमार यादव ने बुधवार को सुनाया।
अभियोजन के अनुसार अतरौलिया थाना क्षेत्र के एक गांव से 26 दिसंबर 2016 की रात 13 वर्षीय पीड़िता घर से गायब हो गई थी। इस मामले में पीड़िता के पिता ने दीपक राजभर निवासी लखमीपुर थाना कप्तानगंज के विरुद्ध अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने विवेचना पूरी करने के बाद आरोपी के विरुद्ध चार्जशीट न्यायालय में प्रेषित की। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक ने कुल सात गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी दीपक राजभर को दोषी पाते हुए आठ वर्ष के सश्रम कारावास तथा 17 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने अर्थदंड न देने की स्थिति में अतिरिक्त कारावास भुगतने का भी आदेश दिया है।