आजमगढ़। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने फर्जी साइबर अधिकारी बनकर लाखों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के एक सदस्य मो. रियाज उर्फ तन्नू को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल फोन और 1600 रुपये नकद बरामद किए गए। आरोपी अंतरराज्यीय साइबर फ्रॉड गिरोह से जुड़ा हुआ है।
क्षेत्राधिकारी सदर साइबर आस्था जायसवाल ने बताया कि महाराजगंज थाना क्षेत्र के झोटीपुर निवासी नागेंद्र मिश्र से जनवरी 2025 में साइबर अपराधियों ने स्वयं को साइबर क्राइम अधिकारी बताकर संपर्क किया था। आरोपियों ने मनी लॉन्ड्रिंग में एफआईआर दर्ज होने और गिरफ्तारी का भय दिखाकर मामले के निस्तारण के नाम पर उनसे विभिन्न खातों में कुल 34 लाख 87 हजार 998 रुपये जमा करा लिए थे।
मामले में थाना साइबर क्राइम पर विभिन्न धाराओं एवं आईटी एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू की गई थी। जांच के दौरान इससे पहले गुजरात से कौशिक सरवैया और भगीरथ सिंह जाला तथा गोरखपुर से आदिल हुसैन को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसी क्रम में पुलिस ने लखनऊ के हुसैनगंज थाना क्षेत्र के कैन्ट रोड उदयगंज निवासी मो. रियाज उर्फ तन्नू (24) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर टेलीग्राम और व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से विदेशी साइबर अपराधियों के संपर्क में रहता था।
साइबर अपराध से प्राप्त धनराशि के लेनदेन के लिए बैंक खाते उपलब्ध कराए जाते थे और रकम निकालकर उसका हिस्सा आपस में बांट लिया जाता था। शेष धनराशि यूएसडीटी खरीदकर विदेशी अपराधियों के निर्देश पर ट्रांसफर की जाती थी।