आजमगढ़। मैत्रेय प्रगति मंच के पदाधिकारियों द्वारा वृहस्पतिवार को किसानों के लिए बनाए गए तीन काला कानून को वापस लिए जाने की मांग को लेकर राष्ट्रपति और राज्यपाल को संबोधित सात सूत्रीय ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा और मांगों का निस्तारण किए जाने की मांग की।
पदाधिकारियों ने सरकार से तीनों काले कानून को वापस लिए जाने, आंदोलनरत किसानों पर हो रहे अत्याचार पर रोक लगाए जाने, प्रदर्शन के दौरान जिन किसानों की मौत हुए उनके परिवार के लोगों को 50-50 लाख रुपये का मुआवजा दिए जाने, किसानों को 25000 आर्थिक सहायता और एक वर्ष की बिजली बिल, कृषि ऋण को माफ किए जाने, उत्तर प्रदेश में क्रय केंद्रों को न्याय पंचायत स्तर पर बनाए जाने और किसानों की उपज का पूरा मूल्य दिलाए जाने, कृषि यंत्रो पर से जीएसटी खत्म किए जाने, कृषि को उद्योग का दर्जा दिए जाने की मांग सरकार से की गई। इस मौके पर संयोजक करुणकांत मौर्य, रामजन्म मौर्य एडवोकेट, रुपचंद्र मौर्य, दीपक कुमार, रामनरायन भारती, शिवशंकर राम, कपिलदेव मौर्य, महेंद्र मौर्य, इंद्रदेव मौर्य, तेजबहादुर मौर्य, राजदेव मौर्य, जीउत मौर्य आदि उपस्थित रहे।