इलाहाबाद के संगम तट पर चल रहे माघ मेला में जाने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए उप्र परिवहन निगम ने आजमगढ़ परिक्षेत्र के दस केंद्रों से इलाहाबाद के लिए 250 बसों का संचालन शुरू किया है। दस अस्थायी बस स्टैंडों पर विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई है ताकि यात्रियों को परेशानी न होने पाए।
परिवहन निगम के अधिकारियों की मानें तो 27 जनवरी को मौनी अमावस्या के दिन क्षेत्र से करीब 84 लाख लोग संगम पर स्नान करने जाते हैं। जबकि एक फरवरी को पड़ने वाली बसंत पंचमी के दिन 50 लाख की भीड़ और 10 फरवरी को माघी पूर्णिमा के दिन करीब 40 लाख श्रद्धालुओं के इलाहाबाद जाने का अनुमान है। जबकि महाशिवरात्रि के दिन छह लाख लोगों के जाने का अनुमान है।
यात्रियों की सहूलियत के लिए रोडवेज विभाग ने दस अलग-अलग जगहों पर अस्थायी केंद्र बनाकर यहां से बसों का संचालन शुरू किया है। यात्रियों को किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो इसके लिए प्रत्येक केंद्र के लिए रोडवेज के अधिकारी और कर्मचारियों को नामित कर उनकी ड्यूटी लगाई गई है।
माघ महीने से पड़ने वाले स्नान पर्वों पर पवित्र नदियों में स्नान करने का विशेष महात्म्य है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु प्रत्येक वर्ष इलाहाबाद में गंगा, जमुना और सरस्वती के संगम तट पर स्नान करने के लिए रवाना होते हैं। बड़ी संख्या में बुजुर्ग वहां एक माह तक कल्पवास भी करते हैं। आजमगढ़ से इलाहाबाद के लिए ट्रेन की अपेक्षा बस से यात्रा काफी सुलभ है। आजमगढ़ परिक्षेत्र के आजमगढ़ डिपो से 20 बसे, डा. अंबेडकर डिपो से 20, पदुमपुर बाजार से आजमगढ़ डिपो की 15, डा. अंबेडकर डिपो से 15 बसें इलाहाबाद के लिए चलाई जा रही हैं।
इसके अलावा शाहगंज डिपो से पांच, बूढनपुर बाजार से मऊ डिपो की 15 बसें, बेल्थरा रोड डिपो की 10 बसें, बिलरियागंज बाजार से बलिया डिपो की 10 बसें, मऊ डिपो से 10, दोहरीघाट डिपो से दोहरीघाट की 15, बेल्थरारोड डिपो की 10 संचालित हो रही हैं। जबकि बड़हलगंज से दोहरीघाट डिपो की 25, शाहगंज डिपो से 10, कम्हरिया घाट से आजमगढ़ डिपो की 20 बसें, अंबेडकर डिपो की 20 बसें और बलिया डिपो से 15 बसों के अलावा अतरौलिया बाजार से बलिया डिपो की 10 बसें और मऊ डिपो से पांच बसें संचालित की जा रही हैं। परिवहन निगम की ओर से ये बसें 12 जनवरी पौष पूर्णिमा से शुरू हुई हैं जो 24 फरवरी को महाशिवरात्रि तक संचालित होती रहेंगी।