यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षा में शामिल होने जा रहे परीक्षार्थियों को परीक्षा ठीक पहले एक बड़ी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालयों में वितरित हो रहे प्रवेश पत्रों में बड़ी खामियां सामने आ रही हैं। कई परीक्षार्थी अपने प्रवेश पत्र लेकर डीआईओएस कार्यालय पहुंचे। प्रवेश पत्र में खामियों के चलते वे अपनी परीक्षा की तैयारियां भी ठीक से नहीं कर पा रहे हैं। वहीं संबंधित विद्यालयों के प्रधानाचार्य भी उन्हें परेशान कर रहे हैं।
माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने डीआईओएस को जिले में परीक्षा में बैठ रहे परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्रों को डीआईओएस कार्यालय भेज दिया था। जिसके बाद अब विद्यालयों से सभी परीक्षार्थियों को प्रवेश पत्रों को वितरण शुरू हो गया है। प्रवेश पत्रों का वितरण शुरू हो के साथ बड़ी खामियां सामने आने लगी हैं। जिसको लेकर परीक्षार्थियों में खासा परेशानी दिखाई दे रही है। प्रवेश पत्र पर किसी की फोटो गायब है तो किसी के नाम बदल गए हैं। परीक्षार्थियों का जेंडर कोड गलत दर्ज हो गया है। इससे उन्हें गलत परीक्षा केंद्र आवंटित हो गया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. वीके शर्मा को बोर्ड की ओर से प्रवेश पत्रों में हुई खामियों को संशोधित करने का आदेश दिया गया है। इसके लिए बीते वर्ष के तरह प्रधानाचार्य अपने स्तर से संशोधन करने के बाद डीआईओएस को सूचित करेगा। साथ ही संबंध में रिपोर्ट बोर्ड ऑफिस को भी दी जाएगी।
प्रवेश पत्र में खामियों के बारे में बोर्ड ऑफिस से आदेश मिल गया है। जिसके संबंध में सभी प्रधानाचार्य को निर्देशित कर दिया गया है। यदि प्रवेश पत्र में कोई भी खामी है तो प्रधानाचार्य संशोधन करने के लिए 11 मार्च तक अधिकृत है।
डा. वीके शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक।