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Azamgarh News: सोते समय कुल्हाड़ी से वारकर दादा और पोते की हत्या

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पवई थाना क्षेत्र के हेवती गांव में हत्या के बाद रोते-बिलखते परिजन।-संवाद
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पवई (आजमगढ़)। हेवती गांव में बृहस्पतिवार की रात में लगभग डेढ़ बजे सोते समय जगदंबा प्रसाद यादव (70) और उनके पोते श्रीवांशु यादव (25) की कुल्हाड़ी से वारकर हत्या कर दी गई। जमीन और तीन लाख रुपए के विवाद में वारदात का आरोप लगाया गया है। श्रीवांशु यादव के भाई शिवराज यादव की तहरीर पर पुलिस ने चचेरे भाई संतोष यादव के अलावा पड़ोसी राजमन यादव, निखिल यादव और अनिल यादव के खिलाफ हत्या और अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
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एसपी ग्रामीण चिराग जैन के अनुसार, शिवराज यादव ने तहरीर में बताया है कि उनके पिता सुरेंद्र प्रसाद दो भाई थे। उनके बड़े पिता सूर्यलाल यादव ननिहाल की जमीन पर अंबेडकर नगर जनपद के मालीपुर थाना क्षेत्र के ताराखुर्द गांव में रहते थे। बीमार होने पर उनके पुत्र संतोष यादव ने उन्हें घर से निकाल दिया था। इसके बाद वह हेवती गांव स्थित उनके घर आकर रहने लगे। परिवार ने उनका इलाज कराया लेकिन बीमारी के चलते उनकी मृत्यु हो गई। बड़े पिता की मृत्यु के बाद संतोष यादव ने परिवार पर हत्या का आरोप लगाया और जान से मारने की धमकी दी थी। इस संबंध में उन्होंने मालीपुर थाने में शिकायत भी की थी। जांच में परिवार के खिलाफ कोई आरोप सिद्ध नहीं हुआ। इसके बाद से वह जमीन के विवाद और तीन लाख रुपए की बेईमानी का आरोप लगाकर रंजिश रखने लगा।

शिवराज का आरोप है कि बृहस्पतिवार की रात करीब एक बजे संतोष यादव अपने साथ राजमन यादव, निखिल यादव और अनिल यादव के साथ कुल्हाड़ी लेकर उनके घर पहुंचा। आरोपियों ने बरामदे में सो रहे उनके भाई श्रीवांशु यादव उर्फ अंकित के गले पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया। आवाज सुनकर परिवार के लोग जाग गए और चारों आरोपियों को भागते हुए देखा। इसके बाद आरोपियों ने घर से 300 मीटर दूरी पर मड़ई में सो रहे उनके बाबा जगदंबा प्रसाद यादव की भी कुल्हाड़ी से वारकर हत्या कर दी। घायल श्रीवांशु को परिजन तत्काल नगपुर सीएचसी ले गए, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। एसपी ग्रामीण ने बताया कि संतोष यादव, राजमन यादव, निखिल यादव और अनिल यादव के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं।
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गन्ने के खेत में मिली खून से सनी कुल्हाड़ी
पवई। सूचना मिलते ही पवई पुलिस मौके पर पहुंच गई। जांच के दौरान पुलिस को घर से करीब 100 मीटर दूर गन्ने के खेत में हत्या में प्रयुक्त खून से सनी कुल्हाड़ी मिली। उसे कब्जे में लेकर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। पुलिस का कहना है कि बरामद हथियार और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।





परिजनों से मिले एडीजी, डीआईजी और एसपी



पवई। हत्याकांड के बाद अपर पुलिस महानिदेशक वाराणसी जोन पीयूष मोर्डिया, डीआईजी सुनील कुमार सिंह व एसपी डाॅ. अनिल कुमार ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। अपर पुलिस महानिदेशक मोर्डिया ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच की प्रगति की जानकारी ली। पुलिस टीम को जल्द कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिया कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। कहा कि घटना के प्रत्येक पहलू की जांच की जा रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।





फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड ने जुटाए साक्ष्य

आजमगढ़। सूचना मिलते ही ग्रामीण पुलिस अधीक्षक चिराग जैन, सीओ फूलपुर किरण पाल सिंह, रेंसिक टीम और डॉग स्क्वाॅड मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। फॉरेंसिक टीम ने नमूने एकत्र किए। डॉग स्क्वाॅड की मदद से आसपास के क्षेत्र की तलाशी ली गई। मौके पर एक बटालियन पीएसी की भी तैनाती कर दी गई है।





दिल्ली में प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहा था श्रीवांशु


आजमगढ़। श्रीवांशु यादव उर्फ अंकित (25) दिल्ली में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। उसके भाई शिवकुमार यादव ने बताया कि श्रीवांशु करीब तीन माह पहले दिल्ली से घर लौटा था। तब से परिवार के साथ गांव में रह रहा था। परिजनों को उम्मीद थी कि जल्द उसे नौकरी मिलेगी, लेकिन उससे पहले ही उसकी हत्या कर दी गई। संवाद



पड़ोसियों से पहले हो चुकी थी मारपीट

आजमगढ़। दोहरे हत्याकांड के पीछे रास्ते के पुराने विवाद की रंजिश भी सामने आ रही है। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि श्रीवांशु यादव उर्फ अंकित के भाई शिवराज यादव ने पुलिस को बताया है कि पड़ोसियों से रास्ते को लेकर पहले विवाद हुआ था। इसमें दोनों पक्षों में मारपीट भी हुई थी। शिवराज का आरोप है कि उसी रंजिश के चलते पड़ोसियों ने संतोष यादव के साथ मिलकर उनके भाई श्रीवांशु यादव उर्फ अंकित और दादा जगदंबा प्रसाद यादव की हत्या कर दी। एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने कहा कि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। अभी तक घरेलू मामला ही सामने आया है। पड़ोसियों का कोई भी साक्ष्य नहीं मिला है।
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