शहर के बवाली मोड़ पर वाहनों का चालान करती पुलिस।
एटा में गुरुवार को हुए सड़क हादसे में 12 स्कूली छात्रों की मौत के बाद पुलिस ने जिले में स्कूल वाहनों के फिटनेस, परमिट आदि चेक करने के लिए अभियान शुरू कर दिया है। शुक्रवार को ट्रैफिक विभाग ने सघन तलाशी अभियान चलाया। वहीं शनिवार को आरटीओ विभाग ने दो अलग-अलग टीम गठित कर इनके विरुद्ध कार्रवाई करते हुए फिटनेस और परमिट न होने पर सात वाहनों को संबंधित थानों में खड़ा करवा दिया गया। जबकि छात्रों से भरे 17 वाहनों का चालान किया गया।
एआरटीओ प्रवर्तनदल आरके सिंह ने बताया कि अभियान के दौरान वह अपनी टीम के साथ शहरी क्षेत्र में जबकि यात्रीकर अधिकारी राजेश कुशवाहा अपनी टीम के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में तलाशी लिया। इस दौरान सात स्कूली वाहनों का फिटनेस समाप्त होने और परमिट न होने की वजह से उन्हें संबंधित थानों में खड़ा करवा दिया गया। अब यह बसें पूरे नियम और शर्तों का पूरा प्रमाण पत्र दिखाने के बाद ही थाने से छुटेंगी।
इसके अलावा 17 वाहनों के कागजात अधूरे पाया गया। लेकिन उन वाहनों में स्कूल के बच्चे होने की वजह से उनका चालान काटा गया। एआरटीओ प्रवर्तनदल आरके सिंह ने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। बता दें कि एटा में गुरुवार को हुए सड़क हादसे में 12 स्कूली छात्रों की मौत होने के बाद पूरे प्रदेश में स्कूली वाहनों के विरुद्ध अभियान छेड़ा गया है। इस दौरान आरटीओ और ट्रैफिक पुलिस चेकिंग के समय वाहन का फिटनेट, परमिट, मेडिकल कीट, चालक का ड्राइविंग लाइसेंस आदि की गहना से जांच पड़ताल कर रहे हैं।