फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दूसरे जनपदों की फर्मों को मिलेंगे टेंडर...तो आजमगढ़ में कैसे मिलेगा रोजगार

विज्ञापन
विज्ञापन
आजमगढ़। परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को ड्रेस उपलब्ध कराने के लिए शिक्षा समितियों को टेंडर और कोटेशन के माध्यम से कपड़े खरीदकर एनआरएलएम के स्वयं सहायता समूह से सिलवाने हैं। लेकिन इस बीच कपड़ा खरीद के लिए बाहरी जनपदों के फर्मों को टेंडर और कोटेशन देनेे के आरोप लगने लगे हैं। वहीं, स्थानीय फर्म स्वामियों ने जिलाधिकारी से इसकी शिकायत कर कमीशनखोरी का आरोप लगाया है।
विज्ञापन

स्थानीय लोगों को अपने जनपद में ही रोजगार उपलब्ध कराने और स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को आत्म निर्भर बनाने के उन्हें रोजगार देने का निर्देश है। इस बार परिषदीय विद्यालयों में उपलब्ध कराए जाने वाले ड्रेस एनआरएलएम के तहत गठित समूह की महिलाओं से सिलवाने हैं। इसके लिए कपड़ा खरीदने के लिए धनराशि शिक्षा समितियों के खाते में भेज दी गई है। कपड़े की खरीद नियमानुसार टेंडर और कोटेशन से की जानी है। एक दिन पहले अतरौलिया और तहबरपुर में ड्रेस की सिलाई एनआरएलएम के समूह से नहीं कराने पर सीडीओ ने टेंडर को निरस्त भी कर दिया। लेकिन जनपद के कपड़ा विक्रेता फर्मों की मानें तो कपड़ा खरीद के लिए शिक्षा समितियों पर बाहर की फर्मों को टेंडर देने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। फर्म स्वामियों ने बाहर की फर्मों को टेंडर देने के मामले को लेकर डीएम और प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को शिकायती पत्र भी सौंपा है। सरकार की ओर से एक ड्रेस की कीमत 300 रुपये निर्धारित की गई है। जिसमें 190 रुपये कपड़े की खरीद के लिए और 110 रुपये कपड़े की सिलाई के लिए दिए जाते हैं। छात्रों को दो-दो सेट ड्रेस उपलब्ध कराया जाना है।
क्या बोले फर्म स्वामी
कमीशन के चक्कर में बाहर की फर्मों को टेंडर देने की पूरी तैयारी कर ली गई थी। अगर ऐसा होता है तो जिले के 40 से 50 लोगों जो ड्रेस के लिए कपड़ा बिक्री करते हैं उनको भारी नुकसान होगा। इसे रोकने के लिए हम लोगों ने डीएम और प्रभारी बीएसए को शिकायती पत्र सौंपा है।
विज्ञापन

अमित सिंह, प्रोपराइटर जय माता दी ट्रेडर्स, सिंहपुर।
टेंडर का कार्य खुले तौर पर हो रहा है। कोई भी टेंडर डाल सकता है। चाहे इसमें जिले की फर्म हो या बाहर की फर्म। नियमानुसार ही कार्रवाई की जाएगी। अगर किसी ने गड़बड़ी की तो उसका टेंडर निरस्त कर कार्रवाई की जाएगी। अभी अतरौलिया और तहबरपुर में ऐसा होने पर कार्रवाई की गई है। अगर कहीं गड़बड़ी मिलती है तो बीओ और प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
अमरनाथ राय, प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी।
अतरौलिया व तहबरपुर की तरह जितने भी हुए टेंडर सभी निरस्त
आजमगढ़। यूनिफार्म सिलाई में गड़बड़ी की बात सामने आने पर प्रभारी बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सख्त रुख अख्तियार किया है। उन्होंने समस्त खंड शिक्षा अधिकारियों को नोटिस जारी कर यूनिफार्म सिलाई को लेकर स्पष्टीकरण मांगा है। उन्होंने कहा कि यदि अतरौलिया और तहबरपुर की तरह यूनिफार्म की सिलाई के लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई गई है तो उसे तत्काल रूप से निरस्त कर दिया जाए।
विकास खंड अतरौलिया और तहबरपुर बीईओ द्वारा यूनिफार्म सिलाई व टेंडर प्रक्रिया में घोर अनियमितता की गई है। अनियमितता मिलने पर बीएसए ने दोनों ब्लाकों का टेंडर निरस्त कर दिया गया है। साथ ही अतरौलिया और तहबरपुर बीईओ से इसे लेकर स्पष्टीकरण मांगा गया। इसके बाद बीएसए ने समस्त खंड शिक्षा अधिकारी को नोटिस जारी किया गया है। जिसमें कहा गया है कि यदि अतरौलिया व तहबरपुर की तरह अन्य बीईओ द्वारा टेंडर कराया गया है तो उसे निरस्त कर दिया जाए और यूनिफार्म सिलाई वितरण कार्य समयबद्ध ढ़ंग से शासनादेश व वित्तीय नियमों के अंतर्गत एवं पारदर्शी ढ़ंग से कराया जाए। साथ ही दो उक्त अनियमितता के संबंध में दो दिन के अंदर अपना स्पष्टीकरण कार्यालय में साक्ष्य सहित प्रस्तुत करें।
खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा शासन की मंशा के अनुरूप यूनिफॉर्म सिलाई का कार्य जनपद की स्वयं सहायता समूह की दीदियों को न देकर शासन के निर्देशों का उल्लंघन किया गया है। समस्त खंड शिक्षा अधिकारी से यूनिफार्म सिलाई को लेकर स्पष्टीकरण मांगा गया है। जिन ब्लाकों में तरौलिया और तहबरपुर की तरह टेंडर प्रक्रिया अपनाई गई है उनका टेंडर निरस्त कर दिया जाएगा।
विज्ञापन

अमरनाथ राय, प्रभारी बीएसए आजमगढ़।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें