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UP: बवाल... 13 नामजद, 40 अज्ञातों पर FIR, थाने में युवक ने लगाया था फंदा; परिजन बोले- बेटे से नहीं मिलने दिया

Wed, 02 Apr 2025 12:38 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।

सार

बीते 31 मार्च को आजमगढ़ के तरवां थाना क्षेत्र में उस वक्त हड़कंप मच गया जब परिसर में एक युवक ने फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। उस पर छेड़खानी का आरोप था। एसपी ने इस मामले में पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की थी।
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आजमगढ़ के तरवां थाना क्षेत्र का मामला। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आजमगढ़ के तरवां थाना परिसर में छेड़खानी के एक आरोपी ने शौचालय में फंदा लगाकर आत्महत्या करने की घटना ने बड़ा बवाल खड़ा कर दिया। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस पर हत्या का आरोप लगाते हुए उग्र प्रदर्शन करते हुए 30-40 अज्ञात व्यक्तियों के साथ 13 नामजद लोगों ने लाठी-डंडे और ईंट-पत्थरों से पुलिस पर हमला किया। 

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थाने के सरकारी वाहन को क्षतिग्रस्त किया और चौराहे पर जाम लगा दिया। इससे यातायात व्यवस्था ठप हो गई, जिसमें रोडवेज बसें और एंबुलेंस भी फंस गईं। पुलिस ने इस मामले में 13 नामजद सहित एक अज्ञात पर मुकदमा पंजीकृत कर आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
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तरवां थाना क्षेत्र के उमरी गांव की रहने वाली एक छात्रा ने थाने पर गांव के ही सनी कुमार (21) पर छेड़खानी का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी। उसका चालान भी नहीं किया गया। परिजन खाना लेकर जा रहे थे तो मिलने भी नहीं दे रहे थे।

परिजनों का आरोप था कि सनी को रविवार की रात में ही मार दिया गया था। इसके बाद शव को बिना दिखाए ही उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। 

इससे क्षुब्ध परिजन और अज्ञात व्यक्तियों ने प्रदर्शन के दौरान परमानपुर चौराहे पर 30-40 अज्ञात व्यक्तियों के साथ 13 नामजद लोगों ने लाठी-डंडे और ईंट-पत्थरों से पुलिस पर हमला किया, थाने के सरकारी वाहन को क्षतिग्रस्त किया और चौराहे पर जाम लगा दिया। 

प्रदर्शनकारियों में बलवंत (गाजीपुर), महेश सोनी, अजय कुमार, मधुबन राम, चंदन राम, राकेश यादव, रोहित कुमार, विशाल सिंह, मुकेश कुमार, संजय राम, महेश कुमार, जैकी और शिवम शामिल थे। 

भीड़ ने पुलिस पर गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी दी और हमला किया, जिसमें मॉनिटरिंग सेल प्रभारी अखिलेश मौर्य का पैर टूट गया, जबकि कई अन्य पुलिसकर्मी भी घायल हुए। उपद्रवियों ने थाना सिधारी के सरकारी वाहन के शीशे, हेडलाइट और बोनट को तोड़ दिया। 
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पुलिस ने भी किया था हल्क बल प्रयोग

बाजार की दुकानों को भी नुकसान पहुंचाया गया। घटना को नियंत्रित करने के लिए कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची, जिसमें महाराजगंज, कंधरापुर, फूलपुर, बरदह, तहबरपुर, गंभीरपुर और मेंहनगर के थाना प्रभारी शामिल थे। सुबह नौ बजे से दोपहर दो बजे तक चले इस प्रदर्शन के बाद पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर स्थिति पर काबू पाया। घायल पुलिसकर्मियों को अस्पताल भेजा गया। 

पुलिस ने 13 नामजद और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के साथ ही विभिन्न धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया है। इससे पहले, मृतक के परिजनों की तहरीर पर थानाध्यक्ष सहित अन्य पुलिसकर्मियों पर भी एफआईआर दर्ज हो चुकी है। 

एसपी सिटी शैलेंद्र लाल ने बताया कि परिजनों की तहरीर पर थानाध्यक्ष सहित तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही उनके खिलाफ मुकदमा भी पंजीकृत किया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस व प्रशासन इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर रही है। 

एसपी सिटी ने बताया कि कानून को हाथ में लेकर थाने में तोड़फोड़ और सरकारी संपत्ति को क्षति पहुंचाने के मामले में 13 नामजद और एक अज्ञात पर एफआईआर दर्ज किया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है। इलाके में तनाव बना हुआ है और पुलिस स्थिति पर नजर रखे हुए है।
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