आजमगढ़। एक प्राइवेट फाइनेंस कंपनी को उसके कर्मियों की मिलीभगत से चार लोगाें ने लाखों का चूना लगा दिया। गोल्ड लोन के नाम पर नकली सोना देकर चार लोगों ने लगभग 36 लाख रुपये का गोल्ड लोन लिया। इसमें लगभग साढ़े दस लाख का सोना नकली मिला है। वहीं लगभग 18 लाख का ब्याज भी उक्त चारों पर बकाया है। इस धोखाधड़ी को लेकर कंपनी के एरिया हेड ने छह के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कराया है।
देवगांव कोतवाली पर दी तहरीर में फाइनेंस कंपनी के एरिया हेड अतीश जैमन ने बताया कि कंपनी की लालगंज शाखा पर बतौर प्रबंधक सतेंद्र व उप प्रबंधक सुशील यादव तैनात थे। इनके द्वारा कृष्णमुरारी को लगभग साढ़े चौबीस लाख, विक्रम मद्धेशिया को चार लाख, सरला गुप्ता को पांच लाख व चंद्रभान को 2.76 लाख का गोल्ड लोन दिया था। जांच में उक्त चारों लोगों के जेवरात का एक बड़ा हिस्सा नकली निकला।
दबाव बनाने पर कृष्णमुरारी ने तो लगभग साढ़े 18 लाख रुपये जमा कर अपना कुछ सोना वापस ले लिया लेकिन शेष सोना को लेने व पैसा देने से इंकार कर दिया। अन्य तीनों ने न तो अपना सोना ही लिया न ही कोई पैसा ही दिया। वर्तमान में कंपनी का लगभग 18 लाख का ब्याज बकाया है तो वहीं साढ़े दस लाख का सोना नकली मिला है। एरिया हेड के तहरीर पर पुलिस ने लोन लेने वाले कृष्ण मुरारी, विक्रम मद्धेशिया, सरला गुप्ता, चंद्रभान व कंपनी के शाखा प्रबंधक सतेंद्र व उप प्रबंधक सुशील यादव के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया है।