आजमगढ़। कृषि विज्ञान केंद्र पर मधुमक्खी पालन के लिए किसानों को प्रशिक्षित किया जाएगा। किसानों के अलावा बेरोजगार युवा भी प्रशिक्षण प्राप्त कर सकते हैं। प्रशिक्षण पूरी तरह से नि:शुल्क है। इसको पूरा करने के बाद किसानों को प्रमाणपत्र दिए जाएंगे।
केवीके के वैज्ञानिकों द्वारा किसानों को उन्नत खेती के गुर सिखाने के साथ अब शहद उत्पादन के लिए मधुमक्खी पालन के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इसकी तैयारी कृषि विज्ञान केंद्र द्वारा की जाती है। जिला उद्यान अधिकारी ममता सिंह यादव ने बताया कि सात दिनों तक वैज्ञानिक मधुमक्खी पालन कर शहद उत्पादन करने के बारे में बताएंगे। सात दिनों बाद प्रशिक्षण प्राप्त करने वालों को एक प्रमाण पत्र दिया जाएगा। इसके साथ ही प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद अगर किसान यूनिट लगाने के लिये इच्छुक हैं तो उद्यान विभाग के सहयोग से शहद उत्पादन के लिए यूनिट स्थापित कराई जाएगी। विभाग की ओर से मिलने वाले अनुदान के लिए भी प्रयास किया जाएगा। वैज्ञानिकों की ओर से ऐसा जनपद में शहद उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है। जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि शहद उत्पादन के लिए मधुमक्खी पालन का प्रशिक्षण लेने के लिए किसान एवं बेरोजगार युवा केवीके या फिर हमार विभाग में आकर संपर्क कर सकते हैं।