आजमगढ़। जहानागंज थाना क्षेत्र के रहने वाले एक व्यक्ति ने बेटी की शादी में देने के लिए एक बाइक खरीदी थी। बाइक को उसने किश्त पर 2019 में ली थी। उसने बाइक की पूरी किश्त जमा कर दिया। इसके बाद भी फाइनेंस करने वाले बेटी के ससुराल जा कर बाइक उठा लाए और ससुराल वालों के साथ दुर्व्यवहार भी किया। पीड़ित थाने पहुंचा तो सुनवाई नहीं हुई, फिर कोर्ट की शरण में चला गया। कोर्ट के आदेश पर बृहस्पतिवार को मुकदमा दर्ज हुआ।
जहानागंज के बजहां गांव निवासी रामकिशुन ने बताया कि उसने अपनी पुत्र की शादी 2019 में की थी। शादी में देने के लिए उसने जहानागंज कस्बा स्थित एक एजेंसी से बाइक फाइनेंस कराया था। फाइनेंस कंपनी वालों ने एक मुश्त 27 हजार रुपये जमा कराया और फिर 3388 रुपये की मासिक किश्त बना दिया। वह प्रत्येक किश्त को समय पर फाइनेंस कंपनी मैनेजर व एजेंट अभिषेक सिंह, अंकुर सिंह, त्रिभुवन व राहुल सिंह के पास जमा करता रहा।
निर्धारित समय में उसने सभी किश्त जमा कर दिया। इसके बाद भी फाइनेंस कंपनी के लोग 16 अगस्त 2023 को बेटी के ससुराल मऊ जिले के मधुबन थाना अंतर्गत गुरमा मछरिहवा पहुंच गए और वहां से जबरन बाइक को उठा लाए। पीड़ित कोर्ट की शरण में चला गया। कोर्ट के आदेश पर जहानागंज थाना पुलिस ने चार फाइनेंस कर्मी अभिषेक, अंकुर, त्रिभुवन व राहुल समेत एक अज्ञात पर मुकदमा दर्ज किया है।