मेहता पार्क में सामाजिक कार्यकर्ताओं के समर्थन में आयोजित धरने को संबोधित करते वाम नेता जय प्रक?
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आजमगढ़। नागरिक समाज के तत्वावधान में 49 सामाजिक कार्यकर्ताओं, बुद्धिजीवियों के अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता हनन के विरोध में सोमवार को कलेक्ट्रेट कचहरी में सामूहिक रूप से प्रदर्शन कर विरोध व्यक्त किया और प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
इससे पहले अंबेडकर पार्क में हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि पूरे देश में अन्याय के खिलाफ लिखने, बोलने, समर्थन करने को एंटीनेशनल घोषित करना फासीवाद कदम है। लोकतांत्रिक अधिकारों के लिए संगठित होने की जरूरत है। वक्ताओं ने सरकार की भर्त्सना करते हुए कहा कि जाने-माने सामाजिक कार्यकर्ताओं, फिल्मकार, लेखक पर एफआईआर फर्जी है। जब तक सच्चा लोकतंत्र बहाल नहीं होगा बुद्धिजीवी आवाज उठाते रहेंगे। वक्ताओं ने 49 बुद्धिजीवियों के ऊपर दर्ज मुकदमे को रद्द किए जाने, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का हनन बंद किए जाने की मांग केंद्र सरकार से की गई। इस मौके पर सूबेदार यादव, जय प्रकाश, राजेश, दुखहरन, अरविंद आदि उपस्थित रहे। अध्यक्षता लालसा लाल तरंग, संचालन राहुल कुमार ने किया।