रैदोपुर मुहल्ले में चल रही एक बीमा कंपनी करीब दो सौ लोगों के 80 लाख रुपये लेकर फरार हो गई। इस मामले में पीडि़त अधिवक्ता ने मंगलवार की शाम कोतवाली में कंपनी के संस्थापक के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई। इस मामले की जांच एसआई दीनानाथ पांडेय को सौंपी गई है।
मेहनगर क्षेत्र के टोडरपुर निवासी रणधीर यादव दीवानी न्यायालय में वकालत करते हैं। उनके मुताबिक वर्ष 2011 में रैदोपुर में किराये के कमरे में डीएससी नामक कंपनी का कार्यालय खुला। कंपनी के संस्थापक ने खुद का नाम चंद्र बिलास श्रीवास्तव बताया। उसने अपना पता सुल्तानपुर जिले के देहात कोतवाली क्षेत्र के मिश्रपुर गांव बताया।
2011 से लेकर अब तक कंपनी के एजेंट लोगों से फिक्स डिपाजिट और आरडी खुलवाने लगे। कंपनी ने जिले के करीब 200 लोगों का खाता खोला और करीब 80 लाख रुपये जमा होने के बाद अचानक उसके एजेंट गायब हो गए। रैदोपुर स्थित आफिस में जाने पर वहां ताला लटका मिला। काफी तलाशने के बावजूद कंपनी के संस्थापक और कर्मचारियों का कुछ पता नहीं चला। थक-हारकर मुझे कोतवाली में तहरीर देनी पड़ी।
रणधीर यादव ने बताया कि कंपनी उनका पौने सात लाख रुपये हड़प ले गई। इस बारे में शहर कोतवाल राजीव प्रताप सिंह ने बताया कि अधिवक्ता की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच एसआई दीनानाथ पांडेय को सौंपी गई है।
अधिवक्ता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। उन्होंने शिकायती पत्र के साथ जो प्रमाण पत्र पुलिस को सौंपे हैं, हम उसकी जांच कर रहे हैं। अगर ऐसा हुआ है तो डीआईजी से एप्रूवल लेने के बाद संबंधित की गिरफ्तारी के लिए पुलिस को भेजा जाएगा।- आकाश कुलहरि, एसपी