जहानागंज। थाने से महज पांच सौ मीटर की दूरी पर रामपुर गांव में बंद पड़ी राइस मिल के भीतर अवैध शराब की फैक्ट्री चल रही थी। यहां तैयार होने वाली शराब की सप्लाई आसपास के सरकारी ठेकों पर होती थी और बिहार भी भेजवाई जाती थी। गुरुवार की रात मुखबिर की सूचना पर जहानागंज थाने की पुलिस और क्राइम ब्रांच की स्वाट टीम ने संयुक्त रुप से छापेमारी कर लाखों रुपये की शराब के साथ चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें पूछताछ के आधार पर पुलिस इस रैकेट से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुट गई है।
एसपी सिटी कमलेश बहादुर के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में मेंहनगर थाने के वीरपुर गांव निवासी अजय सिंह उर्फ बबलू, फेंकू मौर्य, मुर्तजा और नगवा गांव निवासी रमाकांत यादव उर्फ साधू हैं। अजय उर्फ बबलू की जहानागंज थाने के रामपुर गांव के पास राइस मिल थी जो काफी दिनों से बंद पड़ी है। इस मिल में ये अवैध तरीके से देशी शराब बनाकर सप्लाई करते थे। गुरुवार की रात मुखबिर के जरिए सूचना मिलने पर एसओ जहानागंज मनोज सिंह, क्राइम ब्रांच की स्वाट टीम प्रभारी अश्वनी पांडेय अपनी टीम के साथ रात को छापेमारी कर इन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान मौके से 400 लीटर शराब बनाने में प्रयोग में लाई जाने वाली रेक्टीफाइड स्प्रीट, 20 लीटर अपमिश्रित शराब, 83 पेटियों में ब्लू लाइन नाम से पैक की गई 3735 शीशी शराब, एक क्विंटल गत्ता, 650 खाली शीशी, पांच किलो नौसादर, दो किलो यूरिया आदि बरामद हुई। एसपी सिटी ने बताया कि पूछताछ के दौरान पता चला कि अजय उर्फ बबलू शराब का पेशेवर कारोबारी है। इससे पूर्व भी वह कई बार गिरफ्तार हो चुका है। जेल से बाहर आने के बाद उसने एक बार फिर से नया ठिकाना बनाया और इस धंधे में सक्रिय हो गया। गिरफ्तार आरोपियों का चालान कर दिया गया है।