रानी की सराय। ग्राम पंचायतों में कंप्यूटरीकृत पंचायत कार्यालय होंगे। उनमें पंचायत सहायक ग्रामीणों के सभी प्रकार के काम ऑनलाइन करेंगे। सरकार की यह परिकल्पना रानी की सराय ब्लाक में साकार होती नहीं दिखाई पड़ रही है। क्षेत्र के 81 ग्राम पंचायतों में 29 गांव ऐसे हैं जहां अभी तक पंचायत भवन बनकर तैयार नहीं हुआ। वहीं दस पुराने पंचायत भवनों का मरम्मत किया जा रहा है। वहीं जिम्मेदार भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
आज सरकारी की सभी प्रकार की योजनाओं का काम ऑनलाइन होता है। ऐसे में ग्रामीणों को ब्लाक और जिला मुख्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़े। यह मंशा रखते हुए सरकार ने ग्राम पंचायतों में सचिवालय की परिकल्पना की। सरकार को उम्मीद थी कि इन सचिवालयों में ग्रामीणों के काम होने के साथ ही गांव के विकास की योजनाएं भी तैयार होंगी। ऐसे में जिन ग्राम पंचायतों में भवन नहीं थे, वहां पर नए भवनों के निर्माण और जहां थे उनकी मरम्मत के लिए सरकार ने पैसा जारी किया। इसके साथ ही यह काम करने के लिए मानदेय पर पंचायत सहायकों की भर्ती की गई। अब हालात ये हैं कि पंचायत सहायक अपने घरों से पंचायत की सरकार चला रहे हैं। वहीं जिम्मेदार और ग्राम प्रधान शांत बैठ गए हैं। रानी की सराय ब्लाक में कुल 81 ग्राम पंचायत हैं। जिसमें 52 पंचायत भवन पहले से बने हैं जिनमें दस का मरम्मत किया जा रहा है। वहीं 39 पंचायत भवन बनाए जा रहे हैं। जिसमें दस बनकर कंप्लीट हो गए और 29 निर्माणाधीन हैं।