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चाकचौबंद होगी कलेक्ट्रेट की सुरक्षा व्यवस्था

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Collectorate's security system will be sharp
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आजमगढ़। कलेक्ट्रेट परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने की तैयारी में जिला प्रशासन जुट गया है। पार्किंग स्थल से लगातार हो रही चोरियों को देखते हुए डीएम ने पार्किंग स्थल से लेकर सीढ़ी, लिफ्ट आदि जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्देश दिया है। कलेक्ट्रेट परिसर में बंदरों का आतंक भी बढ़ गया है। कलेक्ट्रेट में बंदरों के प्रवेश को रोकने के लिए जाली लगाने का भी निर्णय लिया गया है। राजकीय निर्माण निगम को इसका डीपीआर तैयार करने का निर्देश दिया गया है।
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जिला प्रशासन कलेक्ट्रेट परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को चुस्त दुरूस्त बनाने में जुट गया है। हाल ही में कलेक्ट्रेट के पूर्वी छोर पर स्थित पुराने मालखाने की बिल्डिंग को ढ़हाया गया। अब इस स्थान की घेरेबंदी की जानी है। जिला प्रशासन के निर्देश पर कलेक्ट्रेट निर्माण की कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम ने छूट हिस्से के प्लास्टर का कार्य शुरू कर दिया है। इसकी घेराबंदी के लिए पिलर बनाने को लेकर नींव खुदाई का कार्य शुरू कर दिया गया है। डीएम ने कार्यदायी संस्था को इसे जल्द पूरा करने का निर्देश दिया है।
कलेक्ट्रेट परिसर के नीचे पार्किंग स्थल बनाया गया है। जहां कलेक्ट्रेट कर्मचारियों के साथ यहां आने वाले लोगों और अधिवक्ताओं द्वारा अपने वाहनों की पार्किंग की जाती है। यहां पर सुरक्षा की दृष्टि से होमगार्ड और पीआरडी के जवानों की ड्यूटी भी लगाई जाती है। लेकिन हाल के कुछ दिनों से यहां पर वाहन चोर गिरोह सक्रिय हो गया है। इन चोरों द्वारा कलेक्ट्रेट कर्मचारियों के साथ कई लोगों के वाहनों पर हाथ साफ किया जा चुका है। जिसे देखते हुए डीएम ने पार्किंग स्थल से लेकर सीढ़ी और लिफ्ट में भी कैमरा लगाने का निर्देश दिया है। साथ ही यह भी कहा है कि यह कैमरे ऐसे लगाए जाएं जिन्हें बंदर नुकसान न पहुंचा सकें। कैमरा लगाने पर आने वाले खर्च आदि का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है।
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बंदरों द्वारा कलेक्ट्रेट परिसर स्थित आफिसों में पहुंचकर नुकसान पहुंचाया जा रहा है। इसके साथ ही उनके द्वारा कलेक्ट्रेट परिसर को गंदा किया जा रहा है। जिसे देखते हुए डीएम द्वारा कलेक्ट्रेट की हर उस जगह जहां से बंदर अंदर प्रवेश कर सकते हैं उन जगहों पर जाली लगाने का निर्देश दिया गया है। इसके लिए राजकीय निर्माण निगम द्वारा जाली लगाने आने वाले खर्च का डीपीआर तैयार किया जा रहा है।
कलेक्ट्रेट परिसर में वाहन चोरी की कई घटनाएं हो चुकी हैं जिसे देखते हुए सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्णय लिया गया है। कुल 50 से अधिक कैमरे लगाए जाएंगे। वहीं बंदरों का आतंक भी काफी है। उनके द्वारा कलेक्ट्रेट परिसर को भी गंदा किया जाता है। जिसे देखते हुए हर उस जगह पर जाली लगाने का निर्णय लिया गया है जहां से बंदर कलेक्ट्रेट परिसर में प्रवेश कर सकते हैं। इसके लिए राजकीय निर्माण निगम द्वारा डीपीआर तैयार किया जा रहा है।
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राजेश कुमार, डीएम।
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