पांच लाख एकड़ क्षेत्र में प्रदेश में वन क्षेत्र बढ़ा है। अब हम हीट वेव से ग्रीन वेव की ओर बढ़ रहे हैं। यह प्रयास न केवल पर्यावरण को स्वच्छ रखने में सहायक है, बल्कि जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों को कम करने में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने कहा आठ वर्ष पूर्व पांच करोड़ नर्सरियां थी आज वह 52 करोड़ पहुंच गई हैं। किसान अपने खेत के मेड़ पर पौधे लगाता है तो छह डालर प्रति परिवार मिलता है। एक डालर करीब 100 रुपये के आसपास होता है।
उन्होंने जिला प्रशासन को धन्यवाद दिया कि वह जिले में बहने वाली नदियों को स्वच्छ बनाने के लिए पहल की है। उन्होंने कहा कि आपने निरहुआ दिनेश लाल यादव को यहां से सांसद बनाया तो आजमगढ़ में महाराजा सुहेलदेव विश्व विद्यालय, संगीत महाविद्यालय, पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे मिला। साथ ही जिले में सड़कों का जाल बिछाया गया है। एक पौधा लगाइये उसकी सेल्फी वन विभाग को भेजिए आपको पुरस्कार मिलेगा।