चंपावत जिले के कई जंगलों में धधकी आग
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महराजगंज थाने के पैकौली गांव में शनिवार की रात चूल्हे से निकली चिंगारी ने एक दर्जन रिहायशी मड़इयों को आगोश में ले लिया। अगलगी की इस घटना में आठ वर्षीय बालक की झुुलसने से मौत हो गई। इसके अलावा छह बकरियां भी जलकर मरी। रात को हुई घटना से गांव में चीख पुकार के साथ मातमी सन्नाटा पसर गया। पुलिस ने बालक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
महराजगंज थाने के पैकौली गांव निवासी नंदू राजभर की बेटी शनिवार की रात लगभग दस बजे चूल्हे पर खाना बना रही थी। परिवार के लोग जब खाना खाने के बाद सोने लगे तो, उसने चूल्हे की राख को निकालकर बाहर फेंक दिया। हवा चलने से राख में छिपी चिंगारी उड़कर मड़ई के सरपतों पर गिरी। और देखते ही देखते मामूली चिंगारी शोला बन गई। आग ने नंदू के साथ बगल में स्थित श्यामलाल, अच्छेलाल, रामनवल, संजय, बलिराम, छोटेलाल, छविराम की मड़इयों और कच्चे मकान को आग आगोश में ले लिया। आग लगने से गांव में अफरातफरी मच गई। लोगों ने आग पर काबू पाने का प्रयास करते हुए इसकी सूचना थाने के साथ फायर ब्रिगेड को दी। जब तक अग्निशमन की गाड़ी मौके पर पहुंची, लोग आग बुझा चुके थे। आग पर काबू पाने के बाद लोग नुकसान का आंकलन करने लगे। इस दौरान नंदू का आठ वर्षीय पुत्र रोशन झुलस कर मृत अवस्था में मिला। बच्चे का शव देख उसके परिवार के लोग दहाड़े मारकर रोने लगे। वहीं पूरे गांव में मातमी सन्नाटा फैल गया।