सरायमीर। पवई थाना क्षेत्र के जाफरपुर खटीकान गांव में सोमवार को बैंक का बकाया वसूलने गए बैंक अधिकारियों को बकाएदार और उसके बेटे ने एक कमरे में बंद कर लाठी-डंडे से पीटकर मोबाइल आदि छीन लिया। बैंककर्मियों की चीख पुकार सुनकर आसपास के लोग पहुंचे। गांव वालों को हस्तक्षेप के बाद दोनों को रिहा कर दिया गया। पीड़ितों ने थाने में तहरीर दी। पुलिस मामले की जांच कर रही।
रामपाल सोनकर सरायमीर कस्बे के सिंडिकेट बैंक में फील्ड आफिसर हैं। जबकि गौरव शर्मा बैंक के रीजनल आफिस आजमगढ़ में रिकवरी विभाग के हेड हैं। पवई थाने के जाफरपुर खचीकान गांव निवासी एक व्यक्ति ने बैंक से दस लाख रुपये का लोन लिया है, लेकिन जमा नहीं कर रहा। बार-बार कहने के बाद भी लोन की किस्त न चुकाने पर सोमवार को रामपाल सोनकर और गौरव शर्मा वसूली के लिए जाफरपुर खटीकान मुहल्ला निवासी बकाएदार के घर पहुंचे। बातचीत के दौरान किसी बात से नाराज आरोपी ने इन दोनों को बंधक बनाकर एक कमरे में बंद कर दिया और लाठी-डंडे से दोनों को पीटने लगा। साथ ही दोनों लोगों की मोबाइल आदि छीन लिया। इनकी चीख पुकार सुनकर मौके पर गांव वालों की भीड़ जुट गई। करीब एक घंटे बाद लोगों के हस्तक्षेप के बाद इन दोनों बैंक कर्मियों को रिहा कर दिया गया। वहां से छूटने के बाद पीड़ित बैंक कर्मियों ने पवई थाने में तहरीर दी। एसओ पवई संजय सिंह ने बताया कि तहरीर मिल चुकी है। रिपोर्ट नहीं दर्ज है, जांच की जा रही।