गिरफ्तार किए गए लोगों में वेद प्रकाश यादव, सूर्यप्रकाश यादव, देवेंद्र यादव, सहर्ष राय उर्फ गोल्डी राय, धर्मेंद्र यादव, हरेंद्र यादव, धर्मेंद्र उर्फ बब्लू्, कमलेश कुमार, तारा सिंह पटेल, प्रशांत राय, इंद्रेश यादव, हरेंद्र यादव, अरविनंद कुमार यादव, नीरज कुमार सक्सेना, रविंद्र यादव, सारिक जावेद, जितेंद्र सिंह, अर्शी पत्नी सारिक जावेद, साजिदा पत्नी जफर खान, नाजिया पत्नी मुकर्रम अली, जफर खान व अरविंद गुप्ता शामिल है।
इनमें एक डीआईओएस कार्यालय का बाबू के अलावा विभिन्न स्कूलों के प्रबंधक व कर्मचारी शामिल थे। इसके अलावा आठ अभियुक्त मुकेश राय, सुनील कुमार यादव, तुषार सिंह, धीरज राय, धर्मेंद्र, अनंत कुमार, सिकंदर यादव व जगजीवन फरार घोषित किए गए थे।
वहीं जिलाधिकारी ने इस मामले में ब्यास के खिलाफ भी निलंबन की संस्तुति कर शासन को भेजी थी। जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी ने बताया कि शासन के निर्देश पर जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ बीके शर्मा को निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार लोगों ने जमानत के लिए हाईकोर्ट की शरण ली थी लेकिन सभी की जमानत अर्जी खारिज कर दी गई है।
वहीं विवेचक सीओ लालगंज ने गिरफ्तार सभी अभियुक्तों की रिमांड मांगी थी, जिसे न्यायालय ने स्वीकृत कर लिया है और सभी गिरफ्तार अभियुक्तों को 14 की रिमांड पर पुलिस को सौंप दिया है। ऐसे में पुलिस अब इन अभियुक्तों को जेल से लाकर कड़ाई से पूछताछ करेगी। जिसमें नकल माफिया गैंग के कुछ और लोगों के नामों का भी खुलासा हो सकता है। कुछ और विद्यालयों के प्रबंधकों के अलावा डीआईओएस कार्यालय के लोग भी शामिल हो सकते है।