जरूरत पर बरसात के लिए तरह-तरह के यत्न करने वाले किसानों के लिए आज बेमौसम बारिश अभिशाप साबित हो रही है। बुधवार की शाम इंद्रदेव ने तबाही की एक और इबारत बूढ़नपुर तहसील क्षेत्र में लिखी। देर शाम तहसील क्षेत्र में बारिश के साथ पड़े ओले के साथ गरजी बिजली ने एक किसान की सांसें रोक दी तो बारिश से फसल की तबाही देख एक किसान की पत्नी की सदमे से मौत हो गई।
बूढ़नपुर तहसील आजमगढ़ जिले के पश्चिम दिशा में स्थित है। तहसील क्षेत्र से अंबेडकर नगर, सुल्तानपुर जिले की सीमाएं लगती हैं। बुधवार को दिन भर आसमान पूरी तरह साफ था लेकिन शाम होते-होते आसमान में बदली छा गई। इस दौरान अंधेरा होने पर जिले के अन्य क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी हुई लेकिन बूढ़नपुर तहसील में मेघ ने कहर बरपा दिया। इसका परिणाम रहा कि गरज के साथ हुई बारिश के बीच बिजली भी गिरी।
बिजली की चपेट में आने से बूढ़नपुर तहसील क्षेत्र के केशवपुर गांव निवासी राजबलि राजभर (57) की मौके पर मौत हो गई। घटना के समय राजबलि खलिहान से बोझ को हटाकर घर लौट रहा था। इसी क्रम में बरसात और ओलावृष्टि से हुई फसलों की तबाही को देख कप्तानगंज थाना क्षेत्र के जफरा मऊ गांव निवासी हरखू की पत्नी गुलैची देवी (55) की सदमे से मौत हो गई।
देर शाम हुई इस घटना की सूचना तहसील प्रशासन को दे दी गई थी। एसडीएम बूढ़नपुर रामगोपाल सिंह ने बताया कि नुकसान का आकलन सुबह किया जाएगा। बताते चले कि बारिश होने से बूढ़नपुर तहसील क्षेत्र के केशवपुर, बड़ागांव, बूढ़नपुर, रानीपुर, इब्राहिमपुर, कौड़िया, बेलालपुर महाबल पट्टी, देउरपुर आदि गांवों में कांच की गोली के बराबर में ओले पड़े हैं।