आजमगढ़। मदरसा शिक्षक शमशुल हुदा खान को अवैध भुगतान के मामले में निलंबित किए गए तीनों अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारियों को बहाल कर दिया गया है।
उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई जारी रहेगी। शासन ने इस मामले में इंद्र विक्रम सिंह, सचिव कृषि एवं निदेशक मंडी को जांच अधिकारी नामित किया है। यह मामला आजमगढ़ के मदरसा दारूल उलूम अहले सुन्नत मदरसा अशरफिया मिस्बाहुल उलूम से जुड़ा है।
यूपी सरकार ने पाकिस्तान से अवैध कनेक्शन वाले मदरसा शिक्षक शमशुल हुदा खां को वर्षों तक वेतन और अन्य भुगतान के मामले में कड़ी कार्रवाई की थी।
मामले में अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के संयुक्त निदेशक एसएन पांडेय, आजमगढ़ के तत्कालीन जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी साहित्य निकष सिंह, लालमन और प्रभात कुमार को निलंबित किया गया था। शमशुल हुदा खान ने 19 दिसंबर 2013 को ब्रिटेन की नागरिकता ले ली थी। प्रबंधक, प्रधानाचार्य और विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत से वह 31 जुलाई 2017 तक वेतन लेता रहा। उसने अनियमित चिकित्सा अवकाश स्वीकृत कराए।
शासन ने 22 नवंबर 2025 को इन अधिकारियों को निलंबित किया था। शासन ने तीनों अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारियों साहित्य निकष सिंह, लालमन और प्रभात कुमार को बहाल कर दिया है।