आजमगढ़। मंडलीय कारागार का एक हत्यारोपी बंदी उदय उर्फ गुजराती शुक्रवार तड़के जिला अस्पताल से पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गया। इस मामले में एसपी डॉ. अनिल कुमार ने आरोपी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। साथ ही बंदी की सुरक्षा में लगे दो पुलिसकर्मियों विनोद कुमार दुबे और गौशुल खान के खिलाफ नगर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई है। दोनों को निलंबित कर दिया गया।
फरार बंदी उदय गुजरात के अहमदाबाद के थाना ईसानगर का मूल निवासी है और गोरखपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र में रहता था। हत्या के मुकदमे में बंद उदय को 6 सितंबर 2021 को प्रशासनिक आधार पर गोरखपुर जेल से आजमगढ़ जेल भेजा गया था। वह पिछले चार साल से आजमगढ़ जेल में बंद था।
उदय की तबीयत लंबे समय से खराब चल रही थी और उसे हर 15 दिन में इलाज के लिए अस्पताल लाना पड़ता था। पाइल्स व खून की कमी की वजह से उसे 6 दिसंबर को दोबारा मंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शुक्रवार की सुबह उदय टॉयलेट जाने के बहाने उठा और सुरक्षा में तैनात जेलकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गया।
काफी देर तक न मिलने पर दोनों सुरक्षाकर्मी उसकी तलाश करते रहे। नाकाम रहने पर जेल प्रशासन को इसकी जानकारी दी गई। जेल प्रशासन से जानकारी मिलने पर शहर कोतवाली पुलिस हरकत में आई और विभिन्न स्थानों पर उसकी तलाश शुरू कर दी गई है।
पूर्व में फरार हुए बंदी
रौनापार थाना क्षेत्र के टुकौली गांव निवासी सूरज कुमार को पुलिस ने चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया था। एक नवंबर 2022 को जेल में उसकी तबीयत खराब होने पर जेल प्रशासन ने दो बंदी रक्षकों के साथ उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। दो नवंबर को बंदी सूरज जेल से साथ आए बंदी रक्षकों को चकमा देकर अस्पताल से फरार हो गया। इसके बाद उसकी सुरक्षा में लगे पुलिस कर्मियों के खिलाफ नगर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
कारागार की दीवार फांदकर तीन बंदी फरार हो गए थे
18 अगस्त 2016 को इटौरा स्थित मंडलीय कारागार की 25 फीट की दीवार फांद कर तीन बंदी फरार हो गए थे। तीनों बंदी चंद्रशेखर, जीतेंद्र व प्रकाश निवासी गाजीपुर, मेंहनगर थाना क्षेत्र में करीब ढाई साल पहले पुजारी की हत्या के मामले में दो साल से जेल में थे। बंदियों को फरार हुए नौ साल हो गया लेकिन इनका पता नहीं चल सका है।
फरार बंदी उदय उर्फ गुजराती के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमों को लगाया गया है। उस पर 25 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया गया है। साथ ही बंदी की सुरक्षा में लगे दो पुलिस कर्मी विनोद कुमार दुबे और गौशुल खान के खिलाफ नगर कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई गई है। दोनों को निलंबित कर दिया गया। - डॉ. अनिल कुमार, एसपी।