निजामाबाद। नगर पंचायत निजामाबाद के फरहाबाद मुहल्ले में वर्ष 2010 में लगभग 28 लाख रुपये की लागत से एक बड़े नाले का निर्माण कराया गया। यह नाला फरहाबाद में किसानों के खेतों के बीच से होते हुए नदी में मिलाने की योजना के तहत बनाया गया। लेकिन यह नाला आज किसानों के गले की फांस बन गया है। नाले का कचरायुक्त गंदा पानी किसानों के खेत में भरने से उनकी फसल बर्बाद हो रही है। उनकी शिकायत के बाद भी नगर पंचायत के जिम्मेदार अधिकारी मौन साधे हैं।
लगभग 28 लाख रुपये की लागत से बना यह नाला नगर के सभी वार्डों के गंदे पानी को नदी में गिराता है। लेकिन जब से यह बना है तब से आज तक पानी नदी तक नहीं पहुंच पाया। फरहाबाद के रहने वाले रामजीत प्रजापति, असलाम, शमीम, फैजान, घुरहू मौर्या, सुरेश मौर्या, फेकू मौर्य आदि किसानों की सब्जी की फसल प्रभावित हो रही है। इधर नाले पर जगह-जगह लगे पटिया टूट कर बिखर गए हैं। नाले का गंदा पानी प्रतिदिन किसानों की फसल को प्रभावित कर रहा है। इधर आठ महीने से चार किसानों के खेतों में हजारों लीटर नाले का गंदा पानी जिसमें गंदगी के साथ-साथ प्लास्टिक आदि भी पहुंचकर रुका हुआ है। इसकी शिकायत कई बार नगर पंचायत को की गई लेकिन कोई मौके का निरीक्षण करने भी आज तक नहीं पहुंचा।