फूलपुर/मेजवां। जमीअत ओलमा के तत्वाधान में मंगलवार की रात फूलपुर न्यू पावर हाउस के मैदान में तहफफुज हुकूक कांफ्रेंस का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने मुठ्ठी भर फिरकापरस्त लोगों पर साजिश के तहत इस्लाम को बदनाम करने का आरोप लगाया। कहा कि अगर फिरकापरस्ती का चिराग नहीं बुझाया गया तो मुल्क में आग लग जाएगी।
कांफ्रेंस को संबोधित कतरे हुए जमीअत ओलमा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने कहा कि भारत में 65 सालों तक जो हुआ वह एक खुली किताब की तरह है। फिरकापरस्ती ताकतें फसाद कराकर लोगों का खून बहाया। अब तक 23 हजार फसाद हो चुके हैं। इसमें हजारों मुसलमानों और हिंदुओं का कत्ल कर दिया गया। यह कैसा मुल्क है। इसमें कितने लोगों को फांसी दी गई। उन्होंने कहा कि आजमगढ़ इल्मी ऐतबार से एक अलग मुकाम रखता है। यहां सभी धर्मों के लोग खासतौर से तारीखी मैदान में एहमियत रखते हैं। लोग मुल्क के वफादार हैं। दहशतगर्दी का इल्जाम लगा निर्दोषों को जेलों में बंद कर दिया गया। यह कहां का न्याय हैं। देश और प्रदेश में भ्रष्टाचार का बोलबाला है, विकास ठप है। पूर्वांचल में खासतौर से आजमगढ़ में बुनियादी चीजें बिजली, पानी और सड़क नाम की कोई चीज ही नहीं है। आजमगढ़ को इंडस्ट्रियल एरिया बनाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री ने अपने किए गए वादों पर अडिग नहीं हैं। उन्होंने अपने वादों के अनुसार निर्दोष गिरफ्तार मुस्लिम नौजवानों को अब तक रिहा नहीं किया। कांफ्रेंस की अध्यक्षता मौलाना मुफ्ती हबीबुर्रहमान और संचालन मौलाना अब्दुल साहब ने किया। अंत में संयोजक इमरान अहमद उर्फ हिटलर ने सभी का आभार प्रकट किया। इस मौके पर अरशद रसीदी, सैय्यद अजहर सुल्तान, अब्दुल मोईद, मुफ्ती अशफाक, इकबाल, अफजाल, अतीकुर्रहामान, जमशेद, शाहिद, तौफीक, अब्दुल्लाह, नदीम, अरशद, मु. ताहिर, शाहआलम, अकबाल, सरवर आदि रहे।