आजमगढ़। पिछले वर्ष मई माह में कुंदीगढ़ मुहल्ले में दूिषत जल पीने से चार दर्जन से अधिक लोगों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। इतनी बड़ी घटना के बाद भी नगरपालिका प्रशासन की आंखें नहीं खुलीं। कुछ इसी तरह की घटना कभी भी दलालघाट मुहल्ले में घट सकती है। मुहल्ले में स्थित इंडिया मार्क टू हैंडपंप से पिछले तीन माह से कीड़ायुक्त पानी आ रहा है। बिजली न रहने पर शुद्ध पानी के लिए मुहल्ले के लोग इसी हैंडपंप से पानी ले जाते हैं।
मुहल्ले के लोगों ने बताया कि इस संबंध में नगरपालिका प्रशासन से शिकायत की गई। लेकिन पालिका प्रशासन मौन साधे हुए हैं।
बता दें कि दलालघाट मुहल्ले में शुद्ध पेयजल के लिए नगरपालिका प्रशासन द्वारा अंडरग्राउंड पाइप बिछाई गई है जिससे मुहल्ले के सैकड़ों घरों में पेयजल आपूर्ति होती है।
वहीं मुहल्ले में लल्लन निषाद के घर के सामने इंडिया मार्क टू हैंडपंप लगाया गया है। उक्त हैंडपंप से पिछले तीन माह से कीचड़युक्त पानी आ रहा है। बिजली न रहने पर मुहल्ले के लोग इसी हैंडपंप से पानी ले जाते हैं। कीचड़युक्त पानी हैंडपंप से आने की शिकायत मुहल्ले के लोगों ने सभासद से की। लेकिन जब यहां भी सुनवाई नहीं हुई तो लोगों ने मौखिक रूप से नगरपालिका अध्यक्ष के पुत्र अभिषेक जायसवाल से शिकायत की। लेकिन नतीजा नहीं निकला। इससे लोगों में गुस्सा है।
मुहल्ले के रवि निषाद ने बताया कि इस हैंडपंप से मुहल्ले के कम से कम 50 परिवार के लोग पानी लेते हैं। लेकिन तीन माह से गंदा पानी आने के कारण दलालघाट मुख्य सड़क पर लगे हैंडपंप से पानी लेकर आते हैं।
लल्लन निषाद ने कहा कि पानी पीने योग्य नहीं है। शिकायत के बाद भी सभी मौन हैं। ऐसा लग रहा है कि जैसे अधिकारी किसी बड़ी बीमारी का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि जल्द पालिका प्रशासन नहीं जागा तो कुंदीगढ़ मुहल्ले की तरह यहां भी घटना घट सकती है। जगवंती देवी और चंपा देवी ने कहा कि बच्चे स्कूल चले जाते हैं तो हम लोगों को सड़क पर जाकर पानी लाने में काफी दिक्कत होती है।
चंपा देवी ने कहा कि पानी को पीने से मेरे घर का एक बच्चा बीमार हो गया था। काफी इलाज के बाद वह ठीक हुआ।