लाटघाट (आजमगढ़)। भीषण गर्मी और बरसात न होने से सगड़ी तहसील क्षेत्र में भूमिगत जलस्तर तेजी से नीचे सरक रहा है। कई क्षेत्रों में तो पानी का जलस्तर इतना कम हो गया है कि ट्यूबवेल भी पानी नहीं दे रहे हैं। पानी के अभाव में धान की रोपाई का कार्य ठप पड़ा है और किसान परेशान हैं। तहसील क्षेत्र के हरैया ब्लाक अंतर्गत बनावे गांव में स्थिति अत्यंत खराब है। ट्यूबवेल पानी नहीं दे रहे हैं और बरसात हो नहीं रही है। गांव निवासी अबरार पुत्र रहमतुल्ला, सत्यराम पुत्र बहादुर, महेंद्र पुत्र रामगुलाम आदि ने गांव के सिवान में ट्यूबवेल लगा रखे है। इसी ट्यूबवेल के माध्यम से वे अपने खेत की सिंचाई करते थे। इस बार पड़ रही भीषण गर्मी और अब तक बरसात न शुरू होने से इनके ट्यूबवेलों ने भी जवाब दे दिया है। पानी के अभाव में गांव के किसान धान की रोपाई खेतों में नहीं कर पा रहे है। गांव निवासी अनिरूद्घ सिंह का कहना है कि एक सरकारी नलकूप भी है जो खराब है। गांव में जलस्तर की जो स्थिति है उससे तो यही लग रहा है कि कुछ दिनों में गांव में पेयजल की भी किल्लत होने लगेगी। देशी हैंडपंप तो पहले ही पानी छोड़ चुके है। गांव में लगे इंडिया मार्का हैंडपंप और सबमर्सिबल बोरिंग से ही पानी मिल रहा है। गांव में लगे पांच इंडिया मार्का हैंडपंप इन दिनों खराब पड़े हुए है। ग्रामीणों का कहना है कि खंड विकास अधिकारी से इसकी लिखित शिकायत की गई है लेकिन अब तक हैंडपंप ठीक नहीं कराया गया है।
नहरों में टेल तक नहीं पहुंच रहा पानी, किसान परेशान
मार्टीनगंज। तहसील क्षेत्र में शारदा सहायक खंड 23 ठेकमा रजवाहा से निकलने वाले चितारा महमूदपुर, बेलवाना, सोहौली, सुरहन और औरंगाबाद माइनरों में टेल तक पानी नहीं पहुंच रहा है। जिससे किसान काफी परेशान है। धान के बेहन तैयार हो चुके है, लेकिन उसकी रोपाई किसान नहीं कर पा रहे है। किसानों का कहना है कि इस बार माइनरों की सफाई भी नहीं करायी गई है, जिसके चलते ही यह स्थिति उत्पन्न हुई है। नहरों में पानी न आने से परेशान हाल किसान अब अपने खेतों में बोरिंग कराने और पंपिंग सेट लगाने को मजबूर है। वहीं नहर विभाग के अधिकारियों का कहना है कि नहरों की सफाई करायी गई है पानी टेल तक पहुंचना चाहिए। स्थानीय किसान पारसनाथ सिंह, कोको सिंह, दिनेश सिंह, राकेश सिंह, राकेश राय आदि ने चेतावनी दी है कि यदि तीन दिनों में नहरों के टेल तक पानी नहीं पहुंचा तो वे आंदोलन को बाध्य होंगे।