आजमगढ़। शासन ने कोटा से लाए गए बच्चों के स्वास्थ्य पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं। इस क्रम में जिला प्रशासन ने रोजाना 20 बच्चों को फोन कर उनका हालचाल लेने के साथ ही पढ़ाई, स्वास्थ्य और क्वारंटीन की स्थिति के बारे में जानकारी लेने की योजना बनाई है। छात्रों को कंट्रोल रूम से प्रतिदिन फोन किया जाएगा और पूछताछ की जाएगी। जिलाधिकारी ने गुरुवार को लगभग 35 बच्चों से फोन पर बात की।
राजस्थान के कोटा से लाए गए बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर शासन चिंतित है। इसलिए प्रत्येक जनपदों को निर्देश दिए गए हैं कि बच्चों के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी लेते रहें। जनपद में भी कोटा से 14 बसों से कुल 490 छात्र आए थे। इन बच्चों का प्रारंभिक परीक्षण करने के बाद इन्हें होम क्वारंटीन किया गया था। जिलाधिकारी एनपी सिंह ने बताया कि शासन के निर्देॉ के क्रम में कंट्रोल रूम से प्रत्येक दिन उक्त बच्चों में 20 को प्रतिदिन फोन किया जाएगा। बच्चों से पढाई-लिखाई के बारे में जानकारी लेने के साथ ही उनके स्वास्थ्य के बारे में भी पूछा जाएगा। बताया जाएगा कि चूंकि वे होम क्वारंटीन हैं, इसलिए घर से बाहर कदापि नहीं निकलें। गुरुवार को जिलाधिकारी एनपी सिंह ने इनमें से लगभग 35 बच्चों से स्वय बात की। बच्चों से पूरी जानकारी लेने के साथ ही उन्हें पढ़ाई के बारे में टिप्स भी दिए।