लूट, हत्या, चोरी, डकैती जैसे संगीत आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने वाले 39 हिस्ट्रीशटर बदमाश पुलिस के लिए चुनौती बने हैं। इनमें से कुछ क्षेत्र में आपराधिक घटनाओं को अंजाम देकर जनता में भय फैला रहे। जबकि कई बदमाश दूसरे जिलो की पुलिस के लिए सिरदर्द हैं। इनके जरिए चुनाव में गड़बड़ी फैलने की भी आशंका है। ऐसे चिह्नित बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए 26 अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है। वहीं, आसपास के अन्य जिलों को भी रिपोर्ट भेजकर उनसे मदद मांगी गई है।
पुलिस की सूची में जिन हिस्ट्रीशीटर बदमाशों का नाम शामिल है। उसमें पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू की हत्या का शूटर देवगांव कोतवाली क्षेत्र के रामगढ़ गांव निवासी मृत्युंजय सिंह उर्फ मयंक सिंह, इसी थाने के सलेमपुर गांव निवासी अशोक सिंह, शहर कोतवाली क्षेत्र के पठखौली गांव निवासी सुनील उर्फ जुगनू पाठक, एलवल मुहल्ला निवासी मिंटू उर्फ ओमप्रकाश, कालीनगंज मुहल्ला निवासी मंटू यादव, फराशटोला मुहल्ला निवासी रमेश सोनकर, एलवल मुहल्ला निवासी भोला सोनकर, रानी की सराय थाना क्षेत्र के नीबी गांव निवासी अशोक राम, कंधरापुर थाना क्षेत्र के करेमुआ गांव निवासी सरवन उर्फ बबलू कहार, कुंवर देवचंद पट्टी गांव निवासी मुरली राय, मुबारकपुर थाना क्षेत्र के नसीरुद्दीनपुर गांव निवासी साधू बालचंद, पुरासोफी निवासी बरकतअली, जहानागंज थाना क्षेत्र के डीहा गांव निवासी संजय उर्फ बबलू सिंह शामिल हैं।
39 हिस्ट्रीशीटर बदमाश अभी भी फरार हैं। इनसे गड़बड़ी फैलने की आशंका है। गिरफ्तारी के लिए कुल 26 अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं। जो नात, रिश्तेदारों से पूछताछ कर रही हैं। इनके संबंध में जो भी व्यक्ति सूचना देगा, उसकी पहचान गुप्त रखी जाएगी। इनकी गिरफ्तारी के लिए आसपास के जिलों को भी सूची भेजी गई है। - आनंद कुलकर्णी, एसपी