आजमगढ़। भाजपा प्रत्याशी दिनेश लाल यादव निरहुआ भले ही चुनाव हार गए हों लेकिन जिले में समर्थकों की लंबी चौड़ी फौज बना ली है। वहीं हार के बाद सोशल मीडिया पर समर्थकों ने भाजपा जिला इकाई पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि पार्टी की चुनाव संचालन समिति ने नौसिखिए की तरह कार्य किया, जिसके कारण निरहुआ की हार हुई।
लोकसभा चुनाव में भाजपा जिला कमेटी की कार्यशैली पर शुरू से ही सवाल उठ रहे थे। हालांकि यह चर्चा लोग आपस में ही करते थे। लेकिन जब पार्टी के प्रत्याशी दिनेश लाल यादव निरहुआ को हार मिली तो सोशल मीडिया पर समर्थकों का दर्द उमड़ पड़ा। सोशल मीडिया पर शुक्रवार को लोगों ने जिला कमेटी को आड़े हाथों लिया जिसका परिणाम रहा कमेंटों के जरिए बहसबाजी का दौर शुरू हो गया। किसी ने कहा कि पार्टी नेताओं ने नेताओं का भरपूर साथ नहीं दिया तो किसी ने कहा कि चुनाव संचालन समिति जो बनाई गई थी वह नौसिखिया थी। उन्होंने इसके पहले चुनाव का इतना खराब संचालन नहीं देखा था। लेकिन जिला कमेटी पर उंगली उठाने वालों ने निरहुआ द्वारा की गई मेहनत को स्वीकार किया। लोगों का कहना था कि कोई भी युद्घ बिना किसी ठोस रणनीति के नहीं जीता जाता है। लेकिन भाजपा जिला इकाई में इस रणनीति की कमी देखने को मिली। जो भाजपा जिला इकाई की जिम्मेदारी थी जिसका उसने सफल निर्वहन नहीं किया। इस बहसबाजी के बीच कार्यकर्ता आपस में ही भिड़ते नजर आए।