आजमगढ़। सूत्रधार संस्थान द्वारा आयोजित आजमगढ़ रंग महोत्सव आरंगम के अंतिम शाम का शुभारंभ बुधवार को गोविंद नामदेव, डा. सीके त्यागी, पालिकाध्यक्ष शीला श्रीवास्तव ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया। संस्थान द्वारा रंग संगीत में अभिषेक पंडित, ममता पंडित और सूत्रधार के रंगकर्मियों ने अपने ही नाटकों जिनमें बटोही, कसाईबाड़ा, अंधेर नगरी, पाड़े कवन कुमति तोहे लागी, एक था गधा उर्फ अलादांद खां, गूंगी, आशीष उर्फ जीए मोरे राजा, गिरवी जोबन इत्यादि के गीतों के रस से दर्शकों को सराबोर कर दिया।
नाट्य संध्या में दशरूपक कला-संस्कृति सेवा समिति वाराणसी द्वारा प्रतिमा सिन्हा द्वारा लिखित और सुमित श्रीवास्तव द्वारा निर्देशित नाटक ‘अवरूद्ध’ का मंचन हुआ। हम क्या हैं? क्यों है? किसके लिए हैं? हमारा उद्देश्य, हमारा अस्तित्व, हमारी सोच, हमारा विचार, हमारे भाव, हमारी पहचान, हमारा जीवन आदि को इस नाटक के जरिए मंच पर उतारा गया। 50 मिनट की अवधि वाले इस एकल प्रस्तुति के अभिनेता यशवीर चौधरी ने अपने भावो, संवाद अदायगी और बेहतरीन अभिनय से दर्शकों को बाबस्ता कहानी के हर पहलू से बखूबी परिचित कराया। इस अवसर पर फिल्म एवं रंगमंच के मशहूर अभिनेता गोविंद नामदेव को इस क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सूत्रधार सम्मान 2018 से एडवोकेट शत्रुघ्न सिंह, डा. सीके त्यागी और पालिकाध्यक्ष ने संयुक्त रूप से सम्मानित किया। अब तक यह सम्मान संजय उपाध्याय और वामन केंद्रे जी को दिया जा चुका है। आरंगम् 2018 में उत्कृष्ट योगदान के लिए शिवराम कृष्ण श्रीवास्तव, डीडी संजय, डा. आशा सिंह, डा. अलका सिंह, डा. पूजा पांडेय, अंगद, नंदकिशोर, बृजनाथ, हरिकेश, रामजन्म, संदीप, रितेश रंजन, विनय, तरूण राय, अविनाश सिंह और भोजपुरी लोकगीत गायन के लिए सौरभ सम्राट, चंदन उत्पाती, गोविंद विद्यार्थी को गोविंद नामदेव ने सम्मानित किया। इस मौके पर डा. अमित सिंह, डा. खुश्बू सिंह, डा. एके सिंह, डीडी संजय, अविनाश सिंह, तरूण राय, नीरज सिंह,प् रवीण सिंह, रणविजय पांडेय आदि उपस्थित रहे। अंत में आरंगम् संयोजक ममता पंडित और संस्था सचिव अभिषेक पंडित ने सभी का आभार व्यक्त कर आंरगम् 2018 के समापन की घोषणा की।