ब्आजमगढ़। मार्टीनगंज ब्लॉक प्रमुख ठाकुर मनोज सिंह को जब शपथ ग्रहण के बाद गिरफ्तार कर जेल भेजना ही पुलिस-प्रशासन का मुख्य मकसद था तो यह काम उसके पहले शपथ ग्रहण समारोह के दिन भी हो सकता था। इसके लिए चौथे शपथ ग्रहण का इंतजार क्यों किया गया ये क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। सोमवार को मनोज के शपथ ग्रहण और गिरफ्तारी के बाद क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गरम रहा है।
बता दें कि मार्टीनगंज ब्लाक प्रमुख का पद रिक्त होने के बाद 13 अगस्त को यहां दोबारा चुनाव कराया गया। जिसमें ठाकुर मनोज सिंह प्रत्याशी के रुप में मैदान में उतरा। मनोज के समर्थन में भाजपा के पूर्व सांसद रमाकांत यादव खड़े हुए। रमाकांत का समर्थन मिलने पर ठाकुर मनोज ने चुनाव जीत लिया। सपा और भाजपा के गठजोड़ से मार्टीनगंज ब्लाक प्रमुख पद पर मनोज तो चुनाव जीत लिया। लेकिन पुलिस उसे शपथ ग्रहण के दिन गिरफ्तार करने के लिए खोजने लगी और वह भय के चलते नहीं आए। इस प्रकार दो बार मनोज पुलिस के भय से भागते रहे। तीसरी पर एसडीएम मार्टीनगंज शपथ ग्रहण समारोह को बीच में छोड़कर जिला मुख्यालय चले गए। सोमवार को डीएम के निर्देश पर मनोज को पुन: शपथ तो दिला दिया गया, लेकिन बाहर निकलते ही पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रशासन की ओर से की गई इस नाटकीय कार्रवाई क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।