आजमगढ़। कृषि सूचनातंत्र के सुदृढ़ीकण एवं आत्मा योजना के तहत आयोजित एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला व गोष्ठी का आयोजन मंगलवार को चार ब्लाकों में हुआ। जिसमें किसानों को आय दुगनी करने के योजनाओं और उपायों की जानकारी दी गई। मंगलवार को मेंहनगर के पंदहा, तहबरपुर के बसही जरमजेपुर, जहानागंज के रोशनपुर और लालगंज के चेवार पश्चिम गांव में संगोष्ठी और कार्यशाला का आयोजन हुआ।
मेंहनगर के पंदहा गांव में आयोजित कार्यशाला में भूमि संरक्षण अधिकारी संगम सिंह ने कहा कि किसानों की आय दुगनी करने के लिए कृषि विभाग तमाम योजनाओं का संचालन कर रही है। सभी योजनाओं का अनुदान सीधे डीबीटी के माध्यम से लाभार्थियों के खाते में भेजा जा रहा है। इसके लिए किसानों को विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण कराना होता है। इसके पश्चात किसान जिस भी यंत्र की मांग करता है प्रथम आवक प्रथम पावक के क्रम में किया जाता है। उन्होंने किसानों को जैविक खेती के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सभी किसान एक-एक वर्मी कंपोस्ट यूनिट की स्थापना अपने खेत पर अवश्य करे। इसके लिए कृषि विभाग 75 प्रतिशत धनराशि अनुदान में दे रही है। कार्यशाला में वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. आरपी सिंह ने मधुमक्खी पालन और मशरूम के खेती की तकनीकी जानकारी दी। इस अवसर पर सहायक विकास अधिकारी कृषि शंभू सिंह, बीटीएम राणा संग्राम सिंह, एटीएम शिवेंद्र सिंह, तकनीकी सहायक अजीत कुमार, दुक्खीराम, राम विनय, प्रगतिशील किसान उदयभान सिंह, महेंद्र सिंह, अंबिका सिंह, मुकुलधारी यादव, अरविंद राय, रामबचन समेत काफी संख्या में किसान मौजूद थे।