इसहाकपुर ग्राम सभा के केदारपुर स्थित राजभर बस्ती के लोग मंगलवार सुबह 11 बजे अपने खेतों पर सरसों की कटाई करने गए थे। तभी अचानक कुछ घरों से आग की लपटें उठने लगी। ज्यादातर लोगों के कच्चे घरों के आगे रिहायशी मड़ई, पशुओं के लिए बना मड़ई में तेजी से आग फैलने लगी। कड़ी मशक्कत के बाद ग्रामीणों और फायर ब्रिगेड के जवानों ने आग पर काबू पाया।
आग लगने के बाद बड़ी संख्या में लोग घरों से बाल्टी लेकर आग बुझाने में जुट गए, लेकिन आग कि लपटें इतनी तेज थी कि बुझाने में मुश्किल होने लगी। देखते ही देखते आग आसपास के 10 घरों में फैल गई। फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना के एक घंटे बाद मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड के कर्मियों ने काफी मेहनत से आग पर काबू पाया। आग किस वजह से लगी इस बारे में किसी को जानकारी नहीं। इस अगलगी में अरविंद राजभर, सुभाष राजभर, गिरीश राजभर, इंद्रमणि राजभर, गिरीश राजभर, सूरत राजभर, शिवदास राजभर, धर्मेंद्र राजभर, प्रवीण राजभर, निर्मल राम के घरों में कपड़े के आलावा कुछ भी नहीं बचा है। इंद्रमणि राजभर की तीन गायें भी झुलस गईं। मौके पर 1962 की टीम पहुंची और उनका इलाज किया। कई लोगों के घरों में रखी नकदी, आभूषण, सहित गृहस्थी के सामान जल गए हैं। मौके पर बूढ़नपुर तहसील की राजस्व टीम के राजस्व निरीक्षक अमरजीत यादव, भू निरीक्षक मोहन चौहान नुकसान का आकलन करने में जुटे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि आगलगी में पीड़ितों का नकदी आभूषण व अन्य सामान लगभग 15 लाख से अधिक नुकसान का अनुमान है। गांव के प्रधान प्रतिनिधि कृष्ण मोहन चौबे ने बताया कि सभी के रहने खाने व अन्य सामान के व्यवस्था की गई है। वहीं सुबह मतलूबपुर गांव के सूर्य नारायण पाण्डेय के खेत में हाईवोल्टेज तार टूट कर गिर गया। इससे 12 बिस्वा गेहूं जल गया।