तहसील परिसर में विरोध प्रदर्शन करती भारतीय किसान यूनियन टिकैट की महिलाएं।
अयोध्या। दिल्ली में चल रहे छात्र-युवा आंदोलन के समर्थन में सोमवार को संयुक्त किसान मोर्चा और वामपंथी दलों ने अयोध्या जिला मुख्यालय पर एकजुटता मार्च निकाला। उन्होंने राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा।
यह मार्च जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को जबरन उठाए जाने और छात्रों पर दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में था। ज्ञापन में भ्रष्टाचार, पेपर लीक और सार्वजनिक शिक्षा व्यवस्था में गिरावट पर चिंता जताई गई। आंदोलनकारियों ने आरोप लगाया कि सरकार न्यायसंगत मांगों पर विचार करने के बजाय दमन का रास्ता अपना रही है। उन्होंने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। मार्च में संयुक्त किसान मोर्चा के मयाराम वर्मा, भाकपा के अशोक कुमार तिवारी और भाकपा (माले) के अतीक अहमद सहित कई नेता शामिल हुए। छात्र-युवा आंदोलन के आह्वान पर दिल्ली में संसद मार्च की तैयारी भी चल रही है।
उधर, आप कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष अनिल प्रजापति के नेतृत्व में सिविल लाइंस स्थित गांधी पार्क के सामने विरोध-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। प्रदर्शन में यूके द्विवेदी, राजीव पाठक, शारजाह, गायत्री मिश्रा, सुनील मौर्य आदि शामिल रहे।