अयोध्या। मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत अयोध्या-बस्ती हाईवे पर नई आवासीय योजना विकसित किए जाने की तैयारी है। राम मंदिर से सिर्फ पांच किमी की दूरी पर 300 करोड़ रुपये की लागत से 107 हेक्टेयर जमीन का किसानों से खरीद और अधिग्रहण किया जाएगा। इसके लिए अयोध्या विकास प्राधिकरण ने सर्वे शुरू कर दिया है।
भव्य मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद विकास प्राधिकरण ने पहले अयोध्या-लखनऊ हाईवे पर वशिष्ठ कुंज आवासीय योजना लॉन्च की। इसके बाद अब यह दूसरी आवासीय योजना होगी। इसे अयोध्या-बस्ती हाईवे पर रिधौरा ग्राम के पास विकसित किया जाएगा। इसमें तीन से चार गांवों के किसानों की जमीनों काे आपसी सहमति से खरीदने और अधिग्रहण करने के लिए पहले चरण में सर्वे करने के साथ सहमति प्राप्त करने की प्रक्रिया शुरू की दी गई है।
भव्य राम मंदिर के निर्माण के बाद से अयोध्या में देश-दुनिया के लोग अपना आशियाना बनाना चाहते हैं। ऐसे में यहां पर जमीन खरीदने वालों की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है। ऐसे में शहर और इसके आसपास जमीन के दाम आसमान छू रहे हैं। हालत ये हो गई है कि खरीदने के लिए जमीन अब ढूंढे नहीं मिल रही है। इसीलिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा पर अयोध्या विकास प्राधिकरण की ओर से एक और आवासीय योजना को लॉन्च किए जाने की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
हाईवे से सटी इस आवासीय योजना में आवासीय और व्यावसायिक भूखंड उपलब्ध होंगे। यहां पर प्राधिकरण की ओर से सड़क, नाली, बिजली, सीवर, पेयजल आपूर्ति के लिए टंकी, जूनियर से इंटर तक स्कूल, स्वास्थ्य सेवा के लिए अस्पताल और सुरक्षा के लिए पुलिस चौकी निर्माण का प्रावधान किया गया है। रिंग रोड बन जाने के बाद इस आवासीय योजना के लिए हाईवे के अलावा भी परिवहन का बेहतर और उच्च स्तरीय विकल्प उपलब्ध हो जाएगा।
अयोध्या विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अश्वनी पांडेय ने बताया कि मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत इस आवासीय योजना के लिए बजट की स्वीकृति के लिए शासन को प्रस्ताव भेज दिया गया है। इस प्रस्ताव को कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद प्रस्तावित बजट की 50 फीसदी धनराशि उपलब्ध हो जाएगी। इसके बाद भूमि की खरीद और अधिग्रहण की प्रक्रिया को गति मिल जाएगी।