दिबियापुर (औरैया)। वर्षों से जलभराव की समस्या से जूझ रहे छह गांवों के ग्रामीणों ने दो दिन पूर्व मतदान प्रक्रिया से बाहर रहने का ऐलान किया था। इसके बाद शुक्रवार से प्रशासन ने नाला सफाई व अतिक्रमण हटवाने का काम शुरू कराया। प्रशासन ने लगातार तीसरे दिन एनटीपीसी कालोनी के बाहर नाले की सफाई कराई। हालांकि रविवार को भी पानी निकलना शुरू नहीं हुआ।
दिबियापुर से सटी जमुहां, घेरा, केंझरी समेत छह गांवों के लोग जलनिकासी न होने से परेशान हैं। दिबियापुर समेत आसपास गांवों का पानी इकट्ठा होने के कारण सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न है। इसी से आजिज आकर गुरुवार को सभी छह गांवों के ग्रामीणों ने गांवों में बैनर लगाकर मतदान बहिष्कार की चेतावनी दी थी। साथ ही बेमियादी अनशन से लेकर आत्मदाह तक की बात कही थी।
ग्रामीणों की चेतावनी के बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया। शुक्रवार को औरैया के तहसीलदार रनवीर सिंह, सिंचाईं विभाग के सहायक अभियंता सतीश कुमार, अवर अभियंता विनोद कटियार, जिलेदार श्याम मोहन तिवारी तीन जेसीबी मशीनों की मदद से एनटीपीसी के बाहर से होते हुए नाला खोदाई व पुराने नाले की सफाई शुरू करा दी।
रविवार लगातार तीसरे दिन एनटीपीसी आवासीय कालोनी के बाहर बने नाले की सफाई का क्रम शुरू रहा। एनटीपीसी आवासीय कालोनी के मुख्य गेट के नीचे पड़े पाइप की मजदूरों से सफाई शुरू कराई गई। हालांकि नाले में काफी मात्रा में सिल्ट जमी होने के कारण जलनिकासी शुरू नहीं हो सकी। हालांकि आज भी गांवों में भरा पानी निकलना शुरू नहीं हुआ। सिंचाईं विभाग के अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि सोमवार शाम तक पानी निकलना शुरू हो जाएगा।