औरैया। विशेष न्यायालय (पॉक्सो अधिनियम) के न्यायाधीश अखिलेश्वर प्रसाद मिश्र ने करीब छह वर्ष पूर्व एक किशोरी को ले जाने और दुष्कर्म करने के मामले में मंगलवार को फैसला सुनाया है। अदालत ने मुख्य दोषी आमिर को 12 वर्ष तथा अपहरण में सहयोगी उमेश को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों दोषियों पर कुल 55 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
अभियोजन के अनुसार बिधूनाकोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी एक व्यक्ति ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी कि उसकी 16 वर्षीय बहन को एक अगस्त 2019 की रात पड़ोसी उमेश कुमार और आमिर ले गए थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध अपहरण, दुष्कर्म और पॉक्सो अधिनियम की धाराओं में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था।
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने कड़ी सजा की मांग की जबकि बचाव पक्ष ने आरोपियों को निर्दोष बताया। साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर न्यायालय ने आमिर अपहरण, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट का दोषी मानते हुए 12 वर्ष का कठोर कारावास और 40 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। उमेश कुमार अपहरण में सहयोग का दोषी पाते हुए 10 वर्ष का कारावास और 15 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
न्यायाधीश ने आदेश दिया कि जमा किए गए अर्थदंड की आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी। अर्थदंड न देने पर दोषियों को अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। सजा सुनाए जाने के बाद दोनों को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया है।