मार्च में बारिश से खराब हुई फसलों से नुकसान के दायरे में आने वाले किसानों को दी जाने वाली राहत राशि प्रशासन को प्राप्त हो गई है। 28 मार्च तक पीड़ित किसानों को राहत राशि वितरित कराने के लिए जिले के दैवीय आपदा कार्यालय ने तहसील मुख्यालयों को धनराशि आहरित कर दी है।
जिले में दो व 16 मार्च को तेज हवाओं संग बारिश हुई थी। बेमौसम हुई बारिश से किसानों की गेहूं, चना, अरहर, मटर, सरसों व आलू की फसल काफी हद तक बरबाद हो गईं थी। प्रशासन की ओर से कराए गए फसलों के नुकसान के सर्वे के अनुसार उक्त तिथियों में हुई बेमौसम बारिश से 50 फीसदी अरहर तो 51 फीसदी चना की फसलें प्रभावित हुई हैं।
फसलों की बरबादी को देखते हुए प्रदेश सरकार ने 50 फीसदी व उससे अधिक फसलों के नष्ट होने पर सिंचित क्षेत्र के किसानों को 18000 प्रति हेक्टेयर तो असिंचित क्षेत्र के फसली किसानों को नौ हजार रुपये प्रति हेक्टयर राहत राशि के रूप में प्रदान किए जाने का प्रावधान किया है।
28 मार्च तक बेमौसम बारिश से नुकसान की जद में आने वाले किसानों को राहत राशि उपलब्ध कराने को शासन से प्रशासन को एक करोड़ रुपये की धनराशि उपलब्ध कराई गई है। इस क्रम में कार्यालय से सदर तहसील को 50 लाख, अजीतमल तहसील को 28 लाख तो बिधूना तहसील को 22 लाख रुपए आवंटित किए गए हैं।
बुधवार को अजीतमल में तहसीलदार देवेंद्र कुमार ने किसानाें को अतिवृष्टि बे मौसम बरसात से फसलाें को होने वाली क्षति के लिये राहत चेकें प्रदान की गई।
तहसीलदार देवेंद्र कुमार ने बताया कि 20 गांवों के 201 कास्तकारों को 2.15 लाख रुपये की राहत राशि प्रदान की गई है।
इनमें क्षेत्र के ग्राम न्यामतपुर, सराय बाबरपुर, सहबाजपुर, सुरान्दा, सराय अमलिया आदि के किसान कप्तान सिंह, प्रान सिंह, राम प्रसाद, हाकिम सिंह, राकेश, फूल सिंह आदि किसानों को राहत राशि प्रदान की गई।
इस अवसर पर नायब कानूनगो रमेश चन्द्र शुक्ला, प्रधान निहाल सिंह, फूलसिंह, तथा लेखपाल सुघर सिंह, अचिंत मिश्रा, जसवंत सिंह, जगदीश सिंह आदि मौजूद रहे ।