दिबियापुर (औरैया)। पाता प्लांट के भरतपुर निवासी एक कर्मचारी को टेलीग्राम एप पर एक लड़की से बात करना महंगा पड़ा। जैसे ही बातचीत बंद हुई, वैसे ही उसके बैंक खाते से 10 लाख रुपये कट गए।
साइबर ठगों ने उसे 10 लाख रुपये और भेजने का मेसेज भेजा तो पीड़ित ने बैंक पहुंचकर नेट बैंकिंग समेत सभी बैंकिंग सेवाएं बंद कराईं। मामले में साइबर क्राइम पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
राजस्थान के भरतपुर के मूल निवासी राधाकृष्ण शर्मा गेल पाता प्लांट में कर्मचारी हैं। वह गेल गांव के प्रेमचंद्र कुंज हॉल में रहते हैं। उन्होंने साइबर थाने की पुलिस को बताया कि चार अगस्त को उनके मोबाइल पर टेलीग्राम एप के जरिए एक लिंक आया। उस लिंक को उसने स्क्रीन से हटाने का प्रयास किया, लेकिन वह लिंक ओपन हो गया।
इसके बाद में टेलीग्राम एप पर कुछ ग्रुप आए। इस ग्रुप में लगातार मैसेज आ रहे थे। कुछ देर बाद सभी ग्रुप डिलीट हो गए और यामिनी नायर नाम की लड़की उससे कुछ देर तक बात करती रही। जब उससे बात बंद हुई तो राधाकृष्ण के आईसीआईसीआई बैंक खाते से लगभग 10 लाख रुपये निकल गए।
पीड़ित ने बताया कि इसके कुछ देर बाद सीएफओ शरद श्रीवास्तव की टेलीग्राम आईडी से मेसेज आया और उससे संबंधित बैंक खाते में 10 लाख रुपये और डालने के लिए कहा गया। पीड़ित के अनुसार उसने कहा कि जब रुपये डालोगे तब सारे रुपये वापस आएंगे। यह सुनकर पीड़ित ने बैंक शाखा जाकर क्रेडिट कार्ड व डेबिट कार्ड समेत नेट बैंकिंग सेवा तुरंत बंद करवा दी। उसने इस धोखाधड़ी की साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत भी की।
पीड़ित की तहरीर के आधार पर साइबर सेल पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। साइबर क्राइम थानाध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि मामले में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है।