दिबियापुर। दिबियापुर से कई गांवों को जोड़ने वाली सड़क पर 19 वर्ष बाद आवागमन सुगम होगा। नगर पंचायत ने पीडब्ल्यूडी और जिला पंचायत से एनओसी लेकर यह मार्ग बनवाने जा रही है। इस सड़क के मुद्दे को कई बार ‘अमर उजाला’ ने प्रमुखता से प्रकाशित किया है।
प्रमुख गांवों केबिन की मडै़या, बला की मड़ैया, बिझाई, कसहा, पुरानी दिबियापुर, हरतौली, कंचौसी आदि को दिबियापुर कस्बे से जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग खस्ताहाल है। दिबियापुर से जुड़े इस मार्ग पर काफी दूरी तक स्कूल, कारखाने, कंप्यूटर इंस्टीट्यूट, मैरिज होम आदि स्थित हैं। यह मार्ग दिबियापुर से कांशीराम कॉलोनी को भी जोड़ता है।
स्थानीय लोगों के अनुसार पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी रामबाबू यादव ने अपने कार्यकाल में दिबियापुर से लगभग डेढ़ किलोमीटर का हिस्सा वर्ष 2003 में जिला पंचायत से बनवाया था। इसके बाद से यह मार्ग नहीं बना। यहां गहरे गड्ढे हो गए हैं।
स्थानीय लोगों ने इस मार्ग को बनवाने के लिए पिछले वर्षों में तत्कालीन जिला पंचायत अध्यक्ष से भी फरियाद की थी, परंतु लोगों को मायूसी हाथ आई थी। अब नगर पंचायत दिबियापुर ने इस मार्ग को बनवाना शुरू कर दिया है। दिबियापुर से 900 मीटर हिस्सा नगर पंचायत द्वारा बनवाया जाएगा। सात मीटर चौड़ी इस सड़क के बनने से कई गांवों तक आने जाने वाले लोगों का यातायात सुगम होगा। इस समस्या को अमर उजाला ने 28 फरवरी के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया था।
इस सड़क को बनवाने के लिए बहुत पापड़ बेलने पड़े। लगभग डेढ़ वर्ष से जिला पंचायत और पीडब्ल्यूडी से एनओसी के लिए चक्कर काट रहे थे। दोनों विभागों से अलग अलग एनओसी मिलने के बाद अब दिबियापुर से नौ सौ मीटर दूरी तक डामरीकृत सड़क का निर्माण कार्य शुरू कराया गया है। मार्ग का निर्माण लगभग 39 लाख रुपये से कराया जा रहा है। -अरविंद पोरवाल, चेयरमैन दिबियापुर नगर पंचायत।
फोटो-11एयूआरपी-28- दिबियापुर से कई गांवों को जोडने वाली सड़क पर खुदाई करती जेसीबी। संवाद- फोटो : AURAIYA