औरैया। शनिवार को रक्षाबंधन पर बहनों ने भाइयों की कलाई पर राखी बांधी तो वहीं भाइयों ने बहनों को सुरक्षा का वचन दिया। घरों में इसे लेकर उल्लास का माहौल रहा। भद्राकाल के चलते दोपहर 1:24 तक ही राखी बांधने का शुभ मुहूर्त रहा। दूर दराज रहने वाले भाई-बहनों का अपनों के पास पहुंचने का क्रम जारी रहा।
सावन मास की पूर्णिमा पर रक्षाबंधन का त्योहार मनाया जाता है। घरों में पर्व को लेकर मिठाइयां बनाई गईं। ज्यादातर घरों में सुबह के समय ही राखी बांधी गई। घरों में बहनों ने आरती की थाल में नारियल व राखी सजाई। भाई की आरती करने के बाद बहनों ने रक्षासूत्र भाई की कलाई पर बांधा। वहीं नारियल देते हुए मुंह मीठा कराया। भाई ने रक्षासूत्र बंधने के बाद बहनों को उपहार भी दिए। साथ ही उनकी सुरक्षा का वचन दिया। बहनों ने घर के अन्य सदस्यों को भी राखी बांधी।
भाई के घर पहुंचने की डगर में जाम की रही दुश्वारी
औरैया। रक्षाबंधन पर शुभ मुहूर्त सुबह से लेकर दोपहर 1:24 तक का था। ऐसे में दूर-दराज के भाई बहन एक दूसरे के घर के लिए सुबह से ही निकले। सवारी वाहनों व स्वयं के वाहन से उन्होंने यह सफर किया। सड़क पर वाहनों का लोड इस कदर बढ़ा कि शहर कस्बों में जाम के हालत बनते रहे। औरैया, अजीतमल, बिधूना व दिबियापुर में तो सुबह से लेकर शाम तक रुक-रुककर जाम की स्थिति बनती रही। जगह-जगह जाम में फंसे लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। दिन में हुई हल्की बारिश के बाद चटक धूप के बीच उमस में लोग जाम में फंसे रहे। ऐसे में उनकी दुश्वारी और बढ़ी।
दिन में खूब बिकी राखी और मिठाई
औरैया। रक्षाबंधन के दिन भी बाजार गुलजार रहा। सड़क किनारे फुटपाथों पर लगे स्टॉल पर जमकर राखियों की बिक्री हुई। वहीं मिठाई की दुकानों पर भी अच्छी खासी बिक्री हुई। बाजार में पर्व को लेकर अच्छी खासी चहलकदमी रही।