अस्पताल में चिकित्सक के इंतजार में बैठी प्रसूता रानी बीच में व रामसखी । संवाद
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एरवाकटरा। मारपीट में घायल गर्भवती का मेडिकल कराने के लिए होमगार्ड एरवाकटरा सीएचसी लेकर आया। डॉक्टरों का कक्ष खाली होने पर गर्भवती करीब दो घंटे तक अस्पताल में तड़पती रही। फार्मासिस्ट थोड़ी देर इंतजार करने की बात बोलते रहे। फिर फोन करने पर करीब साढ़े पांच बजे के बाद डॉक्टर आए और पीड़िता का मेडिकल किया।
एरवाकटरा क्षेत्र के सराय कछवाह निवासी विजेंद्र सिंह ने पुलिस को तहरीर दी कि घर के सामने घूरा डालने से पारिवारिक चाचा को मना किया तो वह झगड़ने लगे। गर्भवती पत्नी रानी बचाव करने आई तो उसे पीटा। मारपीट में पत्नी के हाथ व पेट में गंभीर चोटें आई। दोपहर तीन बजे होमगार्ड रविंद्र कुमार व महिला होमगार्ड क्षमा मेडिकल परीक्षण के लिए घायल पत्नी रानी देवी व भाभी रामसखी को लेकर सीएचसी एरवाकटरा पहुंचे।
यहां पर कोई भी डॉक्टर मौजूद नहीं था। पत्नी रानी करीब दो घंटे तक अस्पताल में दर्द के कारण तड़पती रही। यहां दौरान जब भी फॉर्मासिस्ट से पूछा तो वह थोड़ी देर में डॉक्टर के आने की बात बोलते रहे। फोन करने पर साढ़े पांच के बाद डॉक्टर पहुंचे और दोनों महिलाओं का मेडिकल किया।
इसके बाद प्राथमिक उपचार किया गया। इसके बाद होमगार्ड दोनों को थाने ले गए। सीएचसी अधीक्षक डॉ. मोहित कुमार ने बताया कि इमरजेंसी ड्यूटी में तैनात डॉक्टर की तरफ से अगर लापरवाही बरती गई है तो जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की गई। एरवाकटरा थाना प्रभारी राम सहाय पटेल ने बताया कि तहरीर के आधार पर चार लोगों के खिलाफ एनसीआर दर्ज की गई है।
खाली पड़ा इमरजेंसी वार्ड। संवाद- फोटो : AURAIYA
मेडिकल कराने को साथ आए होमगार्ड अस्पताल में डॉक्टर का इंतजार करते। संवाद- फोटो : AURAIYA