मुख्यमंत्री को ट्वीट कर समस्या से निजात दिलाने की मांग। संवाद
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अजीतमल। नगर पंचायत बाबरपुर-अजीतमल की पानी की समस्या को पूरा एक महीना बीत गया है पर अभी तक कोई स्थायी समाधान नहीं हो सका है। पेयजल समस्या से निजात दिलाने के लिए किसी ने जन सुनवाई पोर्टल तो किसी ने ट्वीट कर मुख्यमंत्री से शीघ्र निजात दिलाने की गुहार लगाई है। डीएम के पास ट्यूबवेल के रीबोर के लिए भेजी गई फाइल अभी भी अधर में पड़ी है।
नगर पंचायत बाबरपुर-अजीतमल के मोहल्ला आंबेडकर नगर में बनी पानी की टंकी से 26 मई की शाम से पेयजल आपूर्ति बंद हो गई थी। इससे आर्य नगर, राजीव नगर, आंबेडकर नगर, आजाद नगर, गांधी नगर मोहल्लों में पेयजल आपूर्ति बाधित हो गई थी। इससे 18 हजार की आबादी बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रही है। नगर पंचायत की ओर से भेजे गए टैंकर भी लोगों के पीने के पानी की जरूरत को पूरा नहीं कर पा रहे हैं। प्रशासन की लापरवाही की वजह से पूरे एक महीने बाद भी टंकी दुरुस्त नहीं हो सकी।
ग्वालियर, भिंड व इटावा से आए मिस्त्री भी बोरिंग सही नहीं कर पाए। जिसकी खबर अमर उजाला ने लगातार प्रकाशित कर लोगों की समस्या को अधिकारियों तक पहुंचाया। तब आठ जून को उत्तर प्रदेश जल निगम कार्यालय इटावा से एक्सईएन आरके यादव की टीम ने टंकी की बोरिंग का निरीक्षण कर रिबोर कराने की स्वीकृत देते हुए नगर पंचायत प्रशासन को 43 लाख 86 हजार रुपये का इस्टीमेट बनाकर सौंपा था। जिसे अभी तक डीएम से पास नहीं कराया जा सका है।
जिसके चलते टेंडर प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही है और लोग लगातार पानी की बूंद-बूंद के लिए तरस रहे हैं। नगर पंचायत प्रशासन के ढुलमुल रवैया से परेशान होकर कस्बे के मोहल्ला राजीव नगर निवासी दीपक दुबे ने जन सुनवाई पोर्टल पर तथा टीचर्स कालोनी निवासी शशि शेखर मिश्रा ने ट्वीट कर सीएम से समस्या से शीघ्र निजात दिलाने की गुहार लगाई गई है। कस्बे के कई बच्चों ने भी जिलाधिकारी को फोन कर समस्या से निजात दिलाने की गुहार लगाई है।
नगर पंचायत अधिशासी अधिकारी विजय कुमार ने बताया कि इस्टीमेट का टेक्निकल मुआयना आदि हो गया है सिर्फ डीएम की संस्तुति बाकी है। सोमवार को उनकी संस्तुति होने के बाद टेंडर प्रक्रिया कर शीघ्र ही कार्य चालू करा दिया जाएगा।