औरैया/अजीतमल। सरकारी खरीद केंद्रों पर बिचौलियों की दखल व किसानों के भुगतान की देरी के मामले में पीसीएफ के जिला प्रबंधक नितिन कुमार के निलंबन की संस्तुति कर दी है। इसके बाद जिला प्रबंधक का निलंबन तय माना जा रहा है।
डीएम श्रीकांत मिश्रा ने पीसीएफ के जिला प्रबंधक नितिन कुमार के खिलाफ फर्जी रिपोर्ट देने पर सस्पेंड करने की संस्तुति शासन को भेजी है। मालूम हो कि पीसीएफ प्रबंधक नितिन कुमार ने गेहूं खरीद केंद्रों के खातों में पर्याप्त धनराशि हस्तांतरित किए जाने की गलत रिपोर्ट डीएम कार्यालय को सौंपी थी। किसानों की शिकायतों के बाद जिलाधिकारी ने इसकी जांच कराई। जांच के में पीसीएफ प्रबंधक की रिपोर्ट झूठी मिली। जिसके बाद जिलाधिकारी ने उनके निलंबन की संस्तुति शासन को भेज दी। माना जा रहा है कि जल्द ही शासन पीसीएफ के जिला प्रबंधक नितिन कुमार को निलंबित कर सकता है। वहीं मंगलवार को डीएम ने अजीतमल-बाबरपुर गल्ला मंडी स्थित एफसीआई के खरीद केंद्र का निरीक्षण किया। यहां किसानों ने उनसे बिचौलियों की भूमिका बताई। इस पर डीएम ने केंद्र प्रभारी को चेतावनी जारी करते हुए शिकायत मिलने पर सख्त कार्रवाई करने को ताकीद किया। इसके बाद डीएम बाबरपुर क्षेत्र की तरफ पहुंचे। जहां गेहूं केंद्रों के निरीक्षण के दौरान सबसे ज्यादा पीसीएफ केे खरीद केंद्रों पर गड़बड़ियां मिली। निरीक्षण के दौरान डीएम को पीसीएफ के चार केंद्रों में दो केंद्रों पर खरीद शून्य मिली। जबकि अन्य दो केंद्रों पर बोरियों की कमी के कारण समस्या बताई गई। साथ ही किसानों का भी लंबे समय से भुगतान लटका पाया गया। इस मौके पर डिप्टी आरएमओ सुधांश चौबे भी उनके साथ रहे।