इलाज के अभाव में घायल युवक की मौत से गुस्साए परिजनों ने गुरुवार को औरैया-कंचौसी मार्ग जाम कर दिया। परिजनों ने गांव के चार लोगों को युवक की मौत का जिम्मेदार ठहराया है।
परिजनों ने मुआवजे और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। छह घंटे तक लगे जाम में छोटे-बड़े सैकड़ों वाहन फंसे रहे। पुलिस ने जाम लगाए लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी।
मृतक की पत्नी ने गांव के चार युवकों को पति की मौत का जिम्मेदार ठहराते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई। कार्रवाई के आश्वासन पर ही जाम खुल सका।
दिबियापुर क्षेत्र के गांव बिहारीपुर निवासी अनवर खान (42) एक माह से बीमार थे। बुधवार रात अनवर खां की मौत हो गई। अनवर की मौत से गुस्साए परिजन शव लेकर सड़क पर जा पहुंचे और हंगामा करते हुए कंचौसी-औरैया मार्ग जाम कर दिया।
जाम की सूचना पर दिबियापुर, सदर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गई। ग्रामीण आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई व मुआवजे की जिद पर अड़े रहे। दोपहर बाद हंगामा कर लोग क्षेत्राधिकारी सदर शिवराज सिंह के समझाने पर मान गए।
मृतक की पत्नी महरून बेगम का आरोप है कि कंचौसी बाजार निवासी भोला, प्रकाश चंद्र, अजय टेलर्स व कंचौसी गांव निवासी भुल्लू् चक ने होली के दिन उसके पति को शराब पिलाकर मारा पीटा।
बेहोशी हालत में बाइक से दरवाजे पर फेंककर भाग निकले थे। बेवा की शिकायत पर एसआई आशाराम यादव, चौकी प्रभारी शिवकुमार ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दिलाया। इसके बाद ग्रामीणों ने जाम खोल दिया।
पुलिस ने नहीं दिया साथ...- कंचौसी। पति के शव पर दहाड़ मारकर रो रही पत्नी महरून बेगम बार-बार पुलिस को कोस रही थी। महरून का कहना है कि वह कई बार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने की शिकायत लेकर थाने गई, लेकिन पुलिस ने नहीं सुनी।
सब कुछ लुट गया.....कंचौसी। अनवर की मौत ने महरून बेगम की जिंदगी ही उजाड़ दी। सभी 10 बच्चों की देखभाल का जिम्मा अनवर के कंधों पर था। वह परिवार का पेट पाल रहा था।